रायपुर। छत्तीसगढ़ में अलग अलग मामलों में लापरवाह बरतने वाले सरकारी कर्मचारियों पर कार्रवाई की गई है। कांकेर के भानुप्रतापपुर में शराब के नशे में पहुंचे प्रधान पाठक पर एफआईआर के बाद शिक्षा विभाग ने एक्शन लिया। इस मामले में शिक्षा विभाग ने प्रधान पाठक को सस्पेंड कर दिया। वहीं महासमुंद में कलेक्टर ने राजस्व कार्यो में लापरवाही बरतने व हड़ताल में शामिल पांच पटवारियों को निलंबित कर दिया। इसी प्रकार एक अन्य मामले में रिश्वत मांगने वाले हेडकान्स्टेबल को निलंबित किया गया है।
छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले के दुर्गूकोंदल विकासखंड के एक प्राथमिक स्कूल में पदस्थ प्रधानपाठक बेलसरिया 4 नवम्बर 2026 को के नशे की हालत में विद्यालय पहुंचे। इससंबंध में थाना प्रभारी, बडग़ांव को लिखित शिकायत प्रस्तुत की गई। इसके पश्चात उनका मेडिकल परीक्षण कराया गया तथा मामले में एफआईआर दर्ज की गई। सिविल हॉस्पिटल पखांजूर के चिकित्सा अधिकारी द्वारा जारी एमएलसी रिपोर्ट के अनुसार, शासकीय कार्य अवधि के दौरान अपरान्ह 3.45 बजे बेलसरिया शराब के नशे की हालत में पाए गए। शासकीय कार्य अवधि में इस प्रकार नशे की हालत में विद्यालय पहुंचना छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम के प्रावधानों के विपरीत पाया गया। इस संबंध में जिला शिक्षा अधिकारी तत्काल प्रभाव से निलंबित करने का आदेश जारी किया गया है।
महासमुंद में पांच परवरियों पर गिरी गाज
महासमुंद के कलेक्टर विनय लंगेह के निर्देश पर किसानों के राजस्व संबंधी कार्यों में लापरवाही एवं पंजीयन पीवी सत्यापन तथा डीसीएस सर्वे में संतोषजनक प्रगति नहीं पाए जाने पर हड़ताल में शामिल जिले के 5 पटवारियों को संबंधित अनुविभागीय अधिकारियों द्वारा निलंबित किया गया है। जारी आदेश के तहत बागबाहरा तहसील अंतर्गत श्री भंगी राम धु्रव, कमलेश डहरे, नीरज कुमार वर्मा एवं बसना अनुविभाग के तिलक राम चैधरी तथा सरायपाली अनुविभाग अंतर्गत दमयंती नायक को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है।
मामला रफा-दफा करने मांगी 20 हजार की रिश्वत
राजनांदगांव में रिश्वत लेने वाले हेड कांस्टेबल को निलंबित कर दिया गया है। प्रार्थी गौरव निवासी मंगल विहार मोवा रायपुर के द्वारा एन्टी करप्शन ब्यूरो में शिकायत की थी कि जिला राजनांदगांव के थाना बसंतपुर में पदस्थ प्रधान आरक्षक किशोर यादव के द्वारा एक प्रकरण में उसके पक्ष में कार्रवाई करने व परेशान नहीं करने के एवज् में रिश्वत की मांग की जा रही है। इसके बाद 4 नवम्बर को ट्रेप आयोजित कर थाना बसंतपुर में पदस्थ प्रधान आरक्षक किशोर यादव को 20,000 (बीस हजार रुपये) रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा गया। मामले को एसपी अंकिता शर्मा ने प्रधान आरक्षक की गिरफ्तारी के तत्काल बाद उसे निलंबित कर दिया गया।





