ShreeKanchanpathShreeKanchanpathShreeKanchanpath
  • होम
  • छत्तीसगढ़
    • रायपुर
    • दुर्ग-भिलाई
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Reading: एए/ईओयू/एसईजेड इकाइयों तक आरओडीटीईपी योजना के विस्तार की बढ़ती अपील में फिक्की ने दिया अपना समर्थन
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
ShreeKanchanpathShreeKanchanpath
Font ResizerAa
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Search
  • होम
  • छत्तीसगढ़
    • रायपुर
    • दुर्ग-भिलाई
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Follow US
© Copyright ShreeKanchanpath 2022 | All Rights Reserved | Made in India by Anurag Tiwari
BusinessFeaturedNationalRaipur

एए/ईओयू/एसईजेड इकाइयों तक आरओडीटीईपी योजना के विस्तार की बढ़ती अपील में फिक्की ने दिया अपना समर्थन

By Om Prakash Verma
Published: May 6, 2025
Share
एए/ईओयू/एसईजेड इकाइयों तक आरओडीटीईपी योजना के विस्तार की बढ़ती अपील में फिक्की ने दिया अपना समर्थन
एए/ईओयू/एसईजेड इकाइयों तक आरओडीटीईपी योजना के विस्तार की बढ़ती अपील में फिक्की ने दिया अपना समर्थन
SHARE

एएआई और एफआईएमआई की अपील के बाद, अब फिक्की ने भी एए/ईओयू/एसईजेड के लिए आरओडीटीईपी योजना के विस्तार की माँग की है, ताकि वैश्विक प्रतिस्पर्धा और रोजगार सृजन सुनिश्चित किया जा सके
रायपुर/ आरओडीटीईपी योजना के भविष्य को लेकर उत्पन्न अनिश्चितता के संदर्भ में निर्णायक कदम उठाते हुए, भारतीय वाणिज्य एवं उद्योग महासंघ (फिक्की) ने वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के विदेश व्यापार महानिदेशालय को औपचारिक रूप से एक पत्र लिखकर एडवांस ऑथोराइज़ेशन (एए), एक्सपोर्ट ओरिएंटेड यूनिट्स (ईओयू) और स्पेशल इकोनॉमिक जोन (एसईजेड) के तहत काम करने वाली इकाइयों के लिए निर्यात उत्पादों पर शुल्कों या करों में छूट (आरओडीटीईपी) योजना के तत्काल विस्तार की माँग की है।

फिक्की ने वाणिज्य मंत्रालय को लिखे पत्र में 5 फरवरी, 2025 के बाद इन एक्सपोर्ट ओरिएंटेड जोन में स्थित इकाइयों के लिए आरओडीटीईपी लाभ की समाप्ति पर चिंता जाहिर की है और मंत्रालय से आग्रह किया है कि कम से कम 30 सितंबर, 2025 तक विस्तार की अधिसूचना में तेजी लाई जाए। मौजूदा वैश्विक अनिश्चितताओं को देखते हुए फिक्की ने इस जरूरत पर जोर दिया है कि भारतीय मैन्युफैक्चरिंग की लागत प्रतिस्पर्धी बनाए रखने हेतु और अंतर्राष्ट्रीय बाजारों में भारतीय निर्यातकों के लिए समान अवसर सुनिश्चित करने के लिए एए/ईओयू/एसईजेड इकाइयों को इस योजना के तहत बरकरार रखा जाना चाहिए।

फिक्की का प्रतिनिधित्व फेडरेशन ऑफ इंडियन मिनरल इंडस्ट्रीज (एफआईएमआई) और एल्युमीनियम एसोसिएशन ऑफ इंडिया (एएआई) जैसे शीर्ष उद्योग निकायों द्वारा हाल ही में किए गए इसी तरह के प्रस्तुतीकरण के बाद आया है, जो वैश्विक व्यापार के बारे में उद्योग जगत की आशंकाओं को दर्शाता है। भारत के उद्योग को आगे ले जाने में एल्युमीनियम की प्रमुख भूमिका है, जिसमें 20 अरब डॉलर से अधिक का निवेश किया गया है, जिससे भारत दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा एल्युमीनियम उत्पादक देश बन गया है।

इससे पहले, अपने प्रस्तुतीकरण में एफआईएमआई ने इस बात पर प्रकाश डाला कि भारत के एल्युमीनियम निर्यात का लगभग 45 प्रतिशत एए/ईओयू/एसईजेड लोकेशनों पर स्थित इकाइयों से आता है। इसमें बताया गया कि आरओडीटीईपी समर्थन वापस लेने से वैश्विक कंपनियों के साथ प्रतिस्पर्धा करने की भारतीय कंपनियों की क्षमता काफी कम हो गई है, क्योंकि अंतर्निहित कर और शुल्क जो एल्युमीनियम उत्पादन लागत का 10 प्रतिशत तक है, वे छूट-रहित और अनसुलझे रहेंगे।

वाणिज्य मंत्रालय के प्रगतिशील उपायों की सराहना करते हुए, फिक्की ने आगाह किया है कि कारोबारी माहौल में बहुत दबाव है, ऐसे में देश की निर्यात प्रतिस्पर्धा को बहाल करने के लिए आरओडीटीईपी कवरेज को बढ़ाने में होने वाली देरी नुकसानदेह साबित होगी। गौर तलब है कि एफआईएमआई ने अपने प्रतिनिधित्व में बताया था कि इससे उत्पादन में कटौती, नौकरी छूटने और भारतीय एल्युमीनियम सेक्टर में डॉमेस्टिक वैल्यू ऐडिशन में बाधा उत्पन्न हो सकती है, जिसकी वर्तमान वार्षिक क्षमता 41 लाख टन है। तरक्की के रास्ते पर इंडस्ट्री को गतिमान रखने के लिए घरेलू क्षमता विस्तार हेतु नए निवेश महत्वपूर्ण सिद्ध होंगे।

वैश्विक व्यापार में जारी चुनौतियों को देखते हुए, फिक्की ने कहा कि एए/ईओयू/एसईजेड निर्यातकों के लिए विस्तार मिलने से उद्योग को वह निश्चितता और स्थिरता मिलेगी जिसकी उसे बहुत जरूरत है। फिक्की ने इस बात पर जोर दिया कि सरकार की त्वरित कार्रवाई समानता बहाल करने और वैश्विक विनिर्माण केंद्र के रूप में उभरने की भारत की महत्वाकांक्षा को सहयोग देने में बेहद अहम साबित होगी।

एक प्रगतिशील कदम उठाते हुए वित्त मंत्रालय ने वित्त वर्ष 2026 के लिए आरओडीटीईपी योजना के लिए 18,000 करोड़ रुपए के बजट को मंजूरी दे दी है, जबकि पिछले वित्त वर्ष में यह 16,575 करोड़ रुपए था। अब, एएआई, एफआईएमआई और फिक्की सहित अग्रणी उद्योग संगठन डीटीए के अनुरूप एए/ईओयू/एसईजेड इकाइयों के लिए आरओडीटीईपी योजना को 5 फरवरी, 2025 से आगे बढ़ाकर कम से कम 30 सितंबर 2025 तक करने की वकालत कर रहे हैं। उद्योग जगत को उम्मीद है कि सरकार आरओडीटीईपी विस्तार को औपचारिक रूप से अधिसूचित करने के लिए शीघ्र कार्रवाई करेगी। यद्यपि भू-राजनीतिक संकट और वैश्विक मंदी के चलते आगे बढ़ना मुश्किल हो रहा है, किंतु फिर भी एए/ईओयू/एसईजेड के लिए आरओडीटीईपी का विस्तार उद्योग को वैश्विक रूप से प्रतिस्पर्धी बनने में मदद करेगा और अनिश्चित वैश्विक परिदृश्य के बीच भारतीय निर्यात की निरंतर वृद्धि सुनिश्चित हो पाएगी।

Breaking News : दुर्ग के बाद अब रायपुर में सीएम बघेल को मिली डॉक्टरेट की उपाधि, सारबोन यूनिवर्सिटी ऑफ पेरिस ने दिया अवार्ड
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बस्तर को 232 करोड़ 37 लाख रुपए के 47 विकास कार्यों की दी सौगात
अंबिकापुर के लिए रवाना हुए पीएम मोदी, हाथ हिलाकर किया अभिवादन
Big news : मुख्यमंत्री बघेल की SC और OBC के लिए बड़ी घोषणा, सभी संभाबों में खुलेंगे नए प्रयास विद्यालय और छात्रावास
भिलाई निगम की टीम ने प्रतिबंधित पानी पाऊच किया जब्त, पिकअप रोककर की कार्रवाई
Share This Article
Facebook Whatsapp Whatsapp Copy Link
Share
Previous Article मुख्यमंत्री साय ने कवर्धा में तेरहवीं शताब्दी के प्राचीन शिव व हनुमान मंदिर के किए दर्शन
Next Article वित्तीय वर्ष 25 में वेदांता का मुनाफा 172 फीसदी बढ़कर 20,535 करोड़ रुपए पर पहुँचा वित्तीय वर्ष 25 में वेदांता का मुनाफा 172 फीसदी बढ़कर 20,535 करोड़ रुपए पर पहुँचा

Ro. No.-13759/19

× Popup Image

[youtube-feed feed=1]


Advertisement

Advertisement


Logo

छत्तीसगढ़ प्रदेश का एक विश्वसनीय न्यूज पोर्टल है, जिसकी स्थापना देश एवं प्रदेश के प्रमुख विषयों और खबरों को सही तथ्यों के साथ आमजनों तक पहुंचाने के उद्देश्य से की गई है। इसके साथ ही हम महत्वपूर्ण खबरों को अपने पाठकों तक सबसे पहले पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

क्विक लिंक्स

  • होम
  • E-Paper
  • Crime
  • Durg-Bhilai
  • Education

Follow Us

हमारे बारे में

एडिटर : राजेश अग्रवाल
पता : शॉप नं.-12, आकाशगंगा, सुपेला, भिलाई, दुर्ग, छत्तीसगढ़ – 490023
मोबाइल : 9303289950
ई-मेल : shreekanchanpath2010@gmail.com

© Copyright ShreeKanchanpath 2022 | All Rights Reserved | Made in India by Anurag Tiwari
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?