भिलाई। ऑनलाइन सट्टे की रकम वसूली के लिए अपहरण के बाद हत्या का मामला सामने आया है। पुरानी भिलाई थाना क्षेत्र के खाईवाल ओम प्रकाश साहू ऑन लाइन सट्टा का कारोबार चलाता था। दो दिन पहले उसका अपहरण किया गया और हत्या कर शव का अखलोरडीह तालाब में फेंक दिया गया। इस मामले में शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की। इसके बाद एक एक कर मामला खुला।
दरअसल यह पूरा मामला ऑन लाइल सट्टा से जुड़ा हुआ है। ग्राम ढौर जामुल निवासी सट्टाखाईवाल ओम प्रकाश साहू (43) सट्टा खिलाने का काम करता था। ओम प्रकाश ऑनलाइन सट्टा में 30 लाख रुपए घाटे में चल रहा था। ऐप संचालक लगातार ओम प्रकाश से रिकवरी के लिए संपर्क कर रहा था लेकिन वह रुपए नहीं लौटा रहा था। बताया जा रहा है कि इसके कारण विदेश से ओम प्रकाश को मारने की सुपारी दी गई।
पुरानी भिलाई पुलिस के अनुसार 31 मई की शाम को मृतक ओम प्रकाश को उसके साथी ने फ़ोन करके उम्दा रोड भिलाई तीन स्थित अपने किराए के मकान में बुलाया l ओमप्रकाश अपने स्कुटी से लगभग शाम 8 बजे पहुंचाl उस घर में विकास तिवारी व उसके साथी मौजूद थे l यहां पर पहले से खाने पीने की व्यवस्था करके रखा गया था। ओमप्रकाश के साथ मिलकर सभी ने शराब पी और उसके बाद पैसे के लेनदेन की बात को लेकर ओमप्रकाश और उसके साथीयों का विवाद हुआ। विवाद बढ़ने पर विकास तिवारी और उसके साथियों ने रात्रि लगभग 10 बजे ओमप्रकाश का गला दबाकर हत्या कर दी।
हत्या के बाद रात 11:30 बजे डेडबॉडी को छिपाने के लिए बोरे में भरकर स्कूटी के सामने डालकर अकलोरडीह में मुरुम खदान से बने तालाब में स्कूटी में बांध कर फेंक दिया। डेडबॉडी को पानी में फेंकने से पहले आरोपियों ने ओमप्रकाश का मोबाइल रख लिया और वहां से निकल गए। दूसरे दिन 1 जून को सुबह आरोपियों ने ओमप्रकाश की पत्नी को फ़ोन कर पैसे की मांग की। ओमप्रकाश के मोबाइल से फ़ोन आने की सूचना ओम प्रकाश की पत्नी ने पुलिस को दी।
सूचना मिलते ही घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक महोदय ने ACCU व थाना के सभी अधिकारीयों को ओमप्रकाश एवं आरोपियों की पता तलाश के लिए तत्काल निर्देशित किया गया था। प्रकरण में आशीष तिवारी (34) निवासी हाल मुक़ाम जामुल मूल निवासी देवतलाब रीवा मप्र को हिरासत में ले लिया गयाl हिरासत में लिए आरोपी से पूछताछ में पूरा मामला खुला और मुरुम खदान के तालाब से शव बरामद किया गया। फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है। पुलिस ने बताया कि आरोपी और मृतक दोनो पूर्व में जेल में बंद थे जहां पर इनका पहचान हुआ था । मृतक NDPS तथा आरोपी लूट के प्रकरण में जेल में थे।




