ShreeKanchanpathShreeKanchanpath
  • होम
  • छत्तीसगढ़
    • रायपुर
    • दुर्ग-भिलाई
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Reading: Gustakhi Maaf: सबकुछ ज्यादा ज्यादा क्यों?
Share
Notification Show More
Latest News
रिफॉर्म उत्सव के साथ विकसित ग्राम पंचायत प्लान (वीजीपीपी) की प्लानिंग शुरू
2 अक्टूबर से गांव-गांव में ‘रिफॉर्म उत्सव’, ग्राम सभा से बनेगा विकास का रोडमैप
September 30, 2026
मातृ-शिशु स्वास्थ्य, नियमित जांच और बच्चों की वृद्धि निगरानी के प्रति किया जागरूक
आंगन मिलन सेवा में सजी पौष्टिक थाली, घर-घर पहुंचा सुपोषण का संदेश
September 30, 2026
16 प्रकरणों पर हुई प्रकरणवार समीक्षा, 9 प्रकरणों की हुई अनुशंसा
उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा की अध्यक्षता में राजनीतिक प्रकरण वापसी समिति की हुई अहम बैठक
September 30, 2026
ग्रामीणों को गांव में ही जांच और उपचार की सुविधा
सेवा संकल्प अभियान : 300 ग्रामीणों को मिला स्वास्थ्य जांच, चिकित्सकीय परामर्श का लाभ
September 30, 2026
मुख्य सचिव विकासशील की अध्यक्षता में स्टेट लेवल कमेटी की बैठक आयोजित
भारत औद्योगिक विकास योजना (BHAVYA) के तहत इंटीग्रेटेड मल्टी-सेक्टर इंडस्ट्रियल पार्क
September 30, 2026
Aa
ShreeKanchanpathShreeKanchanpath
Aa
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Search
  • होम
  • छत्तीसगढ़
    • रायपुर
    • दुर्ग-भिलाई
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Follow US
© Copyright ShreeKanchanpath 2022 | All Rights Reserved | Made in India by Anurag Tiwari
ChhattisgarhDurg-BhilaiFeatured

Gustakhi Maaf: सबकुछ ज्यादा ज्यादा क्यों?

By Om Prakash Verma Published March 15, 2023
Share
gustakhi Maaf: जब दुर्गवासी पी गए लाश वाला पानी
gustakhi Maaf: जब दुर्गवासी पी गए लाश वाला पानी
SHARE

-दीपक रंजन दास
आज कल सबकुछ ज्यादा-ज्यादा करने का चलन हो गया है. इसका असर शादी-ब्याह से लेकर स्कूल कालेज के मामूली कार्यक्रमों तक में देखने को मिलता है. ऐसे ही आयोजनों में से एक है सम्मान समारोह. सम्मान करने वालों की संख्या लगातार बढ़ती ही जा रही है. कौन किसका सम्मान कर रहा है, कितने लोगों का सम्मान कर रहा है यह ज्यादा महत्वपूर्ण हो गया है. ज्यादा से ज्यादा लोगों का सम्मान करने के चक्कर में कभी-कभी एक ही मंच पर ऐसे दो लोगों का एक साथ सम्मान हो जाता है जिनके स्तर में कोई मेल नहीं. गिनती पूरी करने के लिए किसी को भी बुला लिया जाता है. सम्मानित होने वालों में वो लोग भी शामिल होते हैं जिनके परिवार ने सम्मान समारोह को फाइनेंस किया होता है. इसी तरह ज्यादा-ज्यादा करने के चक्कर में लोग मंच सज्जा पर भी खूब खर्च कर रहे हैं. इस चक्कर में बड़ा घालमेल भी हो रहा है. दुख तब होता है जब बच्चों को शिक्षित और संस्कारित करने वाली शैक्षणिक संस्थाएं भी इस चूहा दौड़ में शामिल हो जाते हैं. कुछ समय से डिजिटल बोर्ड का उपयोग बहुत बढ़ गया है. लोग स्टेज के पीछे डिजिटल बोर्ड लगवा लेते हैं. जब तक मंच खाली होता है, इसपर वीडियो चलता रहता है. पर जब मंच पर लोग रहते हैं तब इसपर ‘मेज’ चला दिया जाता है. यह डिजिटल बोर्ड का बेहद फूहड़ प्रयोग है. इसके चलते मंच पर खड़े लोगों का मुंह दर्शकों को दिखाई देना बंद हो जाता है. उनकी आंखें डिजिटल स्क्रीन से आ रही रोशनी से चुंधिया जाती हैं. पर किसी को क्या फर्क पड़ता है. शादी ब्याह की रस्मों में कई ऐसे बेतुके कार्यों को शामिल कर लिया गया है जिसका किसी से कोई लेना देना नहीं. एक ऐसा ही दिखावा है शादी के भारी भरकम कार्ड. एक ऐसा ही कार्ड अभी मेरे हाथ में है. कार्ड क्या है पूरा गिफ्ट पैक है – बस फर्क यह है कि इसका कोई दूसरा उपयोग नहीं है. न फेंकने को मन करेगा और न ही किसी काम आएगा. डब्बे के भीतर डब्बा और हर डब्बे में एक कार्ड. कुछ समय पहले एक शादी की पार्टी में जाना हुआ. विशाल मैदान के चारों तरफ स्टाल. मॉकटेल, छाछ, केसर दूध, सलाद, गुपचुप, चाट, दोसा, लिट्टी-चोखा, वेज खाना, नॉनवेज खाना और अंत में दारू. सबकुछ छोड़कर लोग दोसा, गर्म तवा रोटी और तवा सब्जी के स्टाल पर लाइन लगाए खड़े थे. इतना खर्च करने के बाद भी यदि खाने के लिए लाइन लगाना पड़े तो क्या मतलब. और जब लोगों को खाना ही दोसा, चाउमीन, लिट्टी चोखा है तो इतने सारे व्यंजन परोसने की क्या जरूरत. एक तरफ यह फिजूलखर्ची वाला भारत है तो दूसरी तरफ कुछ धार्मिक संस्थान और सामाजिक संगठन फिजूलखर्ची पर रोक लगाने का आह्वान कर रहे हैं. पर इसे तब तक सफलता नहीं मिल सकती जब तक शिक्षण संस्थान इसमें अपनी भागीदारी न दें.

You Might Also Like

2 अक्टूबर से गांव-गांव में ‘रिफॉर्म उत्सव’, ग्राम सभा से बनेगा विकास का रोडमैप

आंगन मिलन सेवा में सजी पौष्टिक थाली, घर-घर पहुंचा सुपोषण का संदेश

उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा की अध्यक्षता में राजनीतिक प्रकरण वापसी समिति की हुई अहम बैठक

सेवा संकल्प अभियान : 300 ग्रामीणों को मिला स्वास्थ्य जांच, चिकित्सकीय परामर्श का लाभ

भारत औद्योगिक विकास योजना (BHAVYA) के तहत इंटीग्रेटेड मल्टी-सेक्टर इंडस्ट्रियल पार्क

Om Prakash Verma March 15, 2023
Share this Article
Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp Copy Link
Share
Previous Article CG Big Accident : आधी रात को ट्रक का एक्सीडेंट, फंस गए ड्राइवर व क्लीनर… पुलिस ने चेंबर काटकर दोनों को निकाला बाहर… देखें Video
Next Article मिलपारा में डायरिया के दिखे लक्षण, वोरा ने मौके पर पहुंच करवाई साफ सफाई, बुलवाई मोबाइल मेडिकल यूनिट मिलपारा में डायरिया के दिखे लक्षण, वोरा ने मौके पर पहुंच करवाई साफ सफाई, बुलवाई मोबाइल मेडिकल यूनिट

Ro.No.-13998/18

× Popup Image

[youtube-feed feed=1]


Advertisement

Advertisement


Logo

छत्तीसगढ़ प्रदेश का एक विश्वसनीय न्यूज पोर्टल है, जिसकी स्थापना देश एवं प्रदेश के प्रमुख विषयों और खबरों को सही तथ्यों के साथ आमजनों तक पहुंचाने के उद्देश्य से की गई है। इसके साथ ही हम महत्वपूर्ण खबरों को अपने पाठकों तक सबसे पहले पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

क्विक लिंक्स

  • होम
  • E-Paper
  • Crime
  • Durg-Bhilai
  • Education

Follow Us

हमारे बारे में

एडिटर : राजेश अग्रवाल
पता : शॉप नं.-12, आकाशगंगा, सुपेला, भिलाई, दुर्ग, छत्तीसगढ़ – 490023
मोबाइल : 9303289950
ई-मेल : shreekanchanpath2010@gmail.com

© Copyright ShreeKanchanpath 2022 | All Rights Reserved | Made in India by Anurag Tiwari

Removed from reading list

Undo
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?