जशपुर। छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में राष्ट्रीय राजमार्ग-43 पर बीती रात बड़ा हादसा हो गया। दो ट्रक आमने सामने से टकरा गए। टक्कर इतनी जोरदार थी कि दोनों ट्रकों के चालक केबिन में फंस गए। जब तक दोनों को बाहर निकला जाता तब तक उनकी मौत हो चुकी है। बताया जा रहा है कि हादसे का कारण घना कोहरा व धुंध है जिसके कारण चालकों को कुछ दिखा ही नहीं।

मिली जानकारी के अनुसार एक ट्रक में कोयला (हार्ड कोक) लोड था, जो झारखंड के बालूमात से छत्तीसगढ़ के कोरबा या चांपा की ओर जा रहा था। वहीं दूसरा ट्रक मक्का दाना लेकर छत्तीसगढ़ से झारखंड के हजारीबाग की ओर जा रहा था। रात लगभग 11 बजे जशपुर थाना क्षेत्र के राष्ट्रीय राजमार्ग-43 पर काईकछार के पास दोनों ट्रकों के बीच आमने-सामने टक्कर हुई। मौके पर पहुंचे तो देखा कि दोनों ट्रकों के ड्राइवर केबिन में फंसे हुए थे। उन्हें कटर मशीन की मदद से बाहर निकाला गया। लेकिन तब तक दोनों की मौत हो चुकी थी।
इस हादसे में जान गंवाने वाले एक चालक की पहचान निलेश केरकेट्टा उर्फ निलेश लकड़ा (उम्र 30 वर्ष) था। वो जशपुर जिले के बगीचा थाना क्षेत्र के ओढका गांव का निवासी था। दूसरे ट्रक के ड्राइवर की पहचान अमित सोनी (उम्र 22 वर्ष) के रूप में हुई है, जो झारखंड (हजारीबाग धनबाद क्षेत्र) का रहने वाला बताया जा रहा है। लोगों ने बताया कि हादसे के समय सड़क पर घना कोहरा छाया हुआ था, जिससे विजिबिलिटी काफी कम थी जिसके कारण आमने सामने की टक्कर हुई।
हादसे में लगा लंबा जाम, पुलिस ने संभाला मोर्चा
हादसे के बाद नेशनल हाइवे नंबर-43 पर लंबा जाम लग गया। दोनों ओर से वाहनों की लंबी कतारें लग गई। मौके पर पहुंची पुलिस की टीम ने जाम को खत्म किया। हादसे के कारण दोनों ट्रकों के केबिन बुरी तरह से पिचक गए थे ऐसे में चालकों को बाहर निकालना भी आसान नहीं था। आसपास के लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस और राहत दल मौके पर पहुंचे। कटर मशीन की मदद से ट्रकों को काटा गया और काफी मशक्कत के बाद दोनों ड्राइवरों के शवों को बाहर निकाला गया। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। फिलहाल पुलिस हादसे के सभी पहलुओं की जांच कर रही है।




