दुर्ग। छत्तीसगढ़ शिक्षक महाफेडरेशन की बैठक पाटन में आयोजित की गई। बैठक में पदोन्नति, क्रमोन्नति, सहायक शिक्षकों की वेतन विसंगति, सहायक शिक्षक विज्ञान की एकीकृत वरिष्ठता सूची जारी करने, शिक्षको के पदनाम से एल बी हटाने सहित कई अन्य मांगों पर पदाधिकारियों ने व्यापक चर्चा कर अहम निर्णय लिए।

छत्तीसगढ़ शिक्षक महाफेडरेशन के प्रांत प्रमुख राजेश पाल व महासचिव प्रणव मंडरिक की अगुवाई में हुए बैठक में निर्णय लिया गया कि सरकार यदि शिक्षकों के हितों पर लगातार कुठाराघात करती रही तो शिक्षक समुदाय उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होगा। हालांकि, छत्तीसगढ़ शिक्षक महाफेडरेशन ने भूपेश सरकार पर भरोसा जताते हुए उम्मीद व्यक्त की है कि शासन उनकी पीड़ा को सहानुभूतिपूर्वक समझेगा और राज्य के पौने 2 लाख शिक्षकों को उनका अधिकार देगा।
बैठक में जलेश्वर साहू, रामकृष्ण देवांगन, ज्योति नेताम, अजय शर्मा, अभिषेक वर्मा, श्री देवांगन, ममता सूर्यवंशी समेत अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे। बैठक के उपरांत छत्तीसगढ़ शिक्षक महाफेडरेशन ने विकासखंड शिक्षा अधिकारी को मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन भी सौपा।




