भिलाई। अकाश गंगा सुपेला ढिल्लन कांप्लेक्स पर स्थित दुकान क्रमांक 212 भिलाई बिजनेस सेंटर (बीबीसी) के दफ्तर को आज सील बंद करने की कार्रवाई की गई! यह पहली दफा नहीं है कि इस प्रकार की कार्रवाई को अंजाम दिया गया है। निगम प्रशासन लगातार अवैध भूखंड, अवैध निर्माण पर कार्रवाई करते आ रही है। जहां भी इस प्रकार के मामले आते हैं उस पर त्वरित रूप से एक्शन लिया जा रहा है। ताकि ऐसे कृतियों पर अंकुश लग सके। कार्रवाई के दौरान जोन आयुक्त सुनील अग्रहरि की टीम में उप अभियंता दौलत चंद्राकर, सत्यनारायण कौशिक, राजेश गुप्ता, संतोष जोशी सहित अन्य अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे।
उल्लेखनीय है कि नगर पालिक निगम भिलाई क्षेत्र अंतर्गत भिलाई बिजनेस सेंटर (बीबीसी) के द्वारा रेरा में पंजीयन कराए बगैर ही पंपलेट के माध्यम से अवैध रूप से भूखंड, अपार्टमेंट, भवन की बिक्री संबंधी विज्ञापन प्रकाशित किए जाने का मामला सामने आया है तथा इसकी आड़ में अवैध भूखंड विक्रय करने की जानकारी भी प्राप्त हुई है। इस प्रकार का कृत्य छत्तीसगढ़ नगर पालिक निगम अधिनियम (कॉलोनाइजर का रजिस्ट्रीकरण निबंधन तथा शर्तें) नियम 2013 तथा छत्तीसगढ़ नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 292 (ग) के तहत दंडनीय अपराध है। उपायुक्त अशोक द्विवेदी ने इस संबंध में बीबीसी के संचालक को पत्र प्रेषित कर अपना पक्ष रखने के लिए अवसर दिया था। 1 सप्ताह के भीतर उपस्थित होकर या विधिवत रूप से जानकारी प्रस्तुत करें। पत्र का जवाब प्राप्त नहीं मिलने पर दूसरी बार जोन आयुक्त जोन क्रमांक 1 सुनील अग्रहरि ने भी जवाब प्रस्तुत करने के लिए भिलाई बिजनेस सेंटर को पत्र जारी किया। पत्र के माध्यम से निर्धारित समय अवधि के भीतर अपना पक्ष नहीं रखे जाने की स्थिति में कार्रवाई की चेतावनी दी। इस संबंध में संयुक्त संचालक नगर तथा ग्राम निवेश द्वारा भी भिलाई बिजनेस सेंटर को पत्र जारी किया जा चुका है। बावजूद इसके भिलाई बिजनेस सेंटर के द्वारा निगम में समाधान कारक कोई भी जवाब प्रस्तुत नहीं किया गया। आयुक्त ऋतुराज रघुवंशी ने सख्त निर्णय लेते हुए भिलाई बिजनेस सेंटर के दफ्तर को सील करने के लिए जोन आयुक्त को निर्देश दिए।
निगम प्रशासन ने की बड़ी कार्रवाई: भिलाई बिजनेस सेंटर सील…. बिना पंजीयन कराए अवैध रूप से भूखंड, अपार्टमेंट, भवन बिक्री से संबंधित विज्ञापन प्रकाशित करने का मामला




