भिलाई। हथखोज वार्ड में कांग्रेसी पार्षद की हत्या की गुत्थी सुलझ गई है। पुलिस ने इस मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। घटना का मास्टरमाइंट दीनेश पाल नाम का युवक है जिसके साथ मृतक पार्षद सूरज बंछोर का विवाद था। आरोपी पिछले एक वर्ष से हत्या की योजना बना रहा था। आखिकार मौका मिलते ही अपने साथियों के साथ घटना को अंजाम दिया।

मामले का खुलासा करते हुए एसपी बद्रीनारायण मीणा ने बताया कि दिनेश पाल का सूरज बंछोर से पुराना विवाद था। डेढ वर्ष पूर्व मनोज चौधरी व आशिक विश्वकर्मा से विवाद हुआ। सूरज बंछोर इनका समर्थन करता था। दीनू पाल पूर्व में देशी कट्टा रखने के विवाद में गिरफ्तार हो चुका था। दीनू पाल ने पुलिस को अपने बयान में बताया था कि वह कट्टा सूरज बंछोर का था। इस मामले में भी सूरज ने दीनू पाल की कोई मदद नहीं की थी जिससे दीनू पाल खुन्नस में रहता था।
एसपी मीणा ने बताया कि दीनू पाल हथखोज में पान की दुकान लगाना चाहता था इस दौरान भी मृतक सूरज बंछोर प्रताडि़त करता था। इन सभी कारणों ने दीनू पॉल सूरज बंछोर की हत्या करने इरादा कर बैठा था और मौके की तलाश में रहता था। दीनू पॉल ने हत्या की घटना को अंजाम देने के लिए अपने साथी पुरुषोत्तम, दीपक उर्फ भुरुआ को शामिल किया। हत्या के लिए खुर्सीपार निवासी मोहन को कट्टा उपलब्ध कराने के लिए संपर्क किया। हत्या के लिए दीनू व भुरु सारंगढ़ से भिलाई पहुंचे। 15 नंवबर की रात को तालाब के पास सूरज बंछोर को अकेला पाकर उसकी धारदार हथियार से हत्या कर दी। पुलिस ने आरोपियों के पास से 2 देशी कट्टा, 4 जिंदा कारतूस, हत्या में प्रयुक्त धारदार कटार व गुप्ती तथा दो मोटरसाइकिल बरामद किया है।




