दंतेवाड़ा (एजेंसी)। प्रदेश में चुनाव को डेढ़ साल रह गए हैं। अब मंत्रियों का भी तूफानी दौरा प्रदेश के जिलों में शुरू हो गया है। स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव बुधवार को दंतेवाड़ा प्रवास पर रहे। छत्तीसगढ़ में कांग्रेस सरकार के साढ़े तीन साल पूरे हो चुके हैं, लेकिन ढाई-ढाई साल के सीएम का मुद्दा अभी भी राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं में बना हुआ है। दंतेवाड़ा दौरे पर पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव ने एक बार फिर ढाई-ढाई साल के सीएम के मुद्दे पर बड़ा बयान दिया है। सिंहदेव ने कहा कि अब वे भी चाहते हैं कि स्थिति स्पष्ट हो जानी चाहिए। आलाकमान को स्थिति स्पष्ट कर देना चाहिए कि प्रदेश में नेतृत्व में बदलाव होगा या नहीं। दूसरी पार्टी में जाने के सवाल पर सिंहदेव ने कहा कि 5 पीढिय़ों से हमारा परिवार कांग्रेसी है। कहीं और जाने का सवाल ही नहीं।

छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की सरकार बनने के बाद ढाई-ढाई साल के मुख्यमंत्री का मुद्दा समय-समय पर गरमाता रहा है। सीएम भूपेश बघेल और स्वास्थ्य मंत्री ने कभी इस मुद्दे पर खुलकर अपनी बात नहीं रखी। हर बार आलाकमान के फैसले को अंतिम बताया है। दंतेवाड़ा दौरे पर पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव ने मीडिया से चर्चा में कहा कि अब वे भी चाहते हैं कि स्थिति स्पष्ट हो जानी चाहिए। प्रदेश नेतृत्व में बदलाव होगा या नहीं। सिंहदेव ने कहा कि कई बार अहम मुद्दों पर आलाकमान से बातचीत होती है और इसे बंद कमरे की चर्चा कही जाती है। इस बातचीत को सार्वजनिक तौर पर आलाकमान को रखना चाहिए। यदि उनके द्वारा इस पर कुछ नहीं कहा जा रहा तो यह व्यवहारिकता है कि हम भी कुछ न कहें।
जमीन सुरक्षित कर बनाया जाए मेडिकल कालेज
इस दौरे को आगामी चुनावी तैयारी से जोड़कर देखने के सवाल पर सिंहदेव ने कहा कि प्रदेश सरकार में सभी की अपनी-अपनी जिम्मेदारियां हैं। सभी को अपने विभाग की स्थितियों को समझना होता है। कोरोना की वजह से यह दौरा विलंब से शुरू कर पाया हूं। यह महज संयोग है कि सीएम भी दौरे पर निकले हैं और मैं भी। रायपुर में बैठकर जमीनी हकीकत पता नहीं चल पाएगा, इसलिए सभी जगह जाकर समझने और सुधार करने की कोशिश की जा रही है। दंतेवाड़ा में मेडिकल कॉलेज खुलने के सवाल पर स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि एक जमीन सुरक्षित करके रखी जानी चाहिए कि भविष्य में मेडिकल कॉलेज इस जगह पर बनाया जाए। मेडिकल कॉलेज के लिए राशि देने का प्रावधान केंद्र सरकार का होता है। प्रदेश में अभी 3 नए मेडिकल कॉलेज बन रहे हैं। प्रति एक कॉलेज के पीछे लगभग 325 करोड़ रुपए का खर्च हो रहा है। कवर्धा और जांजगीर चांपा में 2 और मेडिकल कॉलेज खोलने की सरकार की तरफ से पहल हो गई है। उसी तर्ज पर दंतेवाड़ा में भी संभावना है। यहां पर मेडिकल कॉलेज की आवश्यकता भी है। दंतेवाड़ा के जिला अस्पताल की स्थिति पर स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि व्यवस्थाएं सुधार करने की आवश्यकता है, जिस पर काम किया जायेगा। सिंहदेव ने कहा यदि हम साथ दौरे पर निकल जाएं तो लोग ढाई-ढाई साल वाले मुद्दे से जोड़ लेते हैं और न निकले तो मंत्री बैठा है, कहते हैं। मंत्री सिंहदेव ने दंतेश्वरी मंदिर पहुंचकर मां दंतेश्वरी का आशीर्वाद भी लिया।




