ShreeKanchanpathShreeKanchanpath
  • होम
  • छत्तीसगढ़
    • रायपुर
    • दुर्ग-भिलाई
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Reading: प्रदेश में तेजी से फैल रहा आंखों का संक्रमण, रोज मिल रहे 40-50 मरीज, सबसे ज्यादा बच्चे आ रहे चपेट में
Share
Notification Show More
Latest News
नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के 2,323 पुनर्वासितों को दिया गया कौशल प्रशिक्षण
बस्तर संभाग में कौशल विकास के माध्यम से शांति, पुनर्वास और समृद्धि की दिशा में बढ़ रहे कदम
October 28, 2026
42 न्यायाधीशों ने बच्चों को बताए अधिकार और सुरक्षा के उपाय
हर बच्चे का बचपन, हम सबकी जिम्मेदारी : 21 विद्यालयों में पहुंचा ‘सुरक्षित बचपन अभियान’
October 28, 2026
प्रकृति के प्रति आस्था, सामाजिक एकता और सांस्कृतिक परंपराओं का जीवंत प्रतीक है करम परब : मुख्यमंत्री श्री साय
करम परब हमारी समृद्ध जनजातीय संस्कृति और पूर्वजों की अमूल्य धरोहर, इसका संरक्षण एवं संवर्धन हम सभी का नैतिक दायित्व : सीएम साय
October 28, 2026
shreekanchanpath 16 # 28 October 2026
October 28, 2026
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय कैबिनेट के 19 ऐतिहासिक जनहितैषी निर्णय: दक्ष वैद्य साहू
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय कैबिनेट के 19 ऐतिहासिक जनहितैषी निर्णय: दक्ष वैद्य साहू
October 28, 2026
Aa
ShreeKanchanpathShreeKanchanpath
Aa
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Search
  • होम
  • छत्तीसगढ़
    • रायपुर
    • दुर्ग-भिलाई
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Follow US
© Copyright ShreeKanchanpath 2022 | All Rights Reserved | Made in India by Anurag Tiwari
ChhattisgarhFeaturedRaipur

प्रदेश में तेजी से फैल रहा आंखों का संक्रमण, रोज मिल रहे 40-50 मरीज, सबसे ज्यादा बच्चे आ रहे चपेट में

By Om Prakash Verma Published July 25, 2023
Share
प्रदेश में तेजी से फैल रहा आंखों का संक्रमण, रोज मिल रहे 40-50 मरीज, सबसे ज्यादा बच्चे आ रहे चपेट में
प्रदेश में तेजी से फैल रहा आंखों का संक्रमण, रोज मिल रहे 40-50 मरीज, सबसे ज्यादा बच्चे आ रहे चपेट में
SHARE

जगदलपुर। छत्तीसगढ़ में तेजी से आई फ्लू या पिंक आई (कंजंक्टिवाइटिस) का संक्रमण फैल रहा है। रायपुर से लेकर बस्तर और प्रदेश के अन्य जिलों में इसके मरीज सामने आ रहे हैं। सबसे ज्यादा बच्चे इसकी चपेट में हैं। आंकड़ों की बात करें तो औसतन 40 से 50 मरीज रोज मिल रहे हैं। पिछले सात दिनों में रायपुर के आंबेडकर अस्पताल में ही 300 से ज्यादा केस सामने आ चुके हैं। वहीं दो दिन में बिलासपुर में 500 और बस्तर में 15 दिनों में 1200 से ज्यादा केस मिले हैं। यह सिर्फ सरकारी आंकड़ें हैं। प्राइवेट अस्पतालों और क्लीनिक में मरीजों का आना जारी है। इसे देखते हुए स्वास्थ्य विभाग की ओर से अलर्ट जारी किया गया है।

बालोद, बिलासपुर, दुर्ग, जगदलपुर और कोरबा सहित अन्य जिलों में स्कूली बच्चे सबसे ज्यादा संक्रमण की चपेट में हैं। इसे देखते हुए स्वास्थ्य विभाग की ओर से स्कूलों सहित अन्य जगहों पर कैंप लगाया गया है। दुर्ग में स्वास्थ्य विभाग की ओर से खुर्सीपार क्षेत्र के शिवाजी नगर में दो दिन पहले लगाए गए शिविर में दो घंटे के भीतर ही कंजक्टिवाइटिस के 70 से अधिक मरीज पहुंच गए थे। इसमें बच्चों से लेकर, गर्भवती महिलाएं, युवा और बुजुर्ग सभी शामिल थे। जगदलपुर के महारानी अस्पताल में 15 दिनों में 750 और मेकाज में 350 से ज्यादा मरीज आ चुके हैं। रोजाना इनका आंकड़ा 25 से 50 केस है।

जगदलपुर में डॉक्टरों की टीम की गई गठित
बस्तर में स्वास्थ्य विभाग की ओर से कंजंक्टिवाइटिस की रोकथाम और बचाव के लिए नेत्र विशेषज्ञों की टीम गठित की गई है। इसमें महारानी अस्पताल की डॉ. सरिता थॉमस, डॉ. भाषिता साहू, मेडिकल कॉलेज डिमरापाल की डॉ छाया शोरी, डॉ. मनीकिरण और डॉ. टीसी आडवानी शामिल हैं।

कंजंक्टिवाइटिस क्या होता है और उसके लक्षण
– कंजंक्टिवाइटिस आंखों में होने वाला एक सामान्य संक्रमण है और प्राय: अपने आप ठीक हो जाता है।
– यह तीन प्रकार के हैं, बैक्टीरियल कंजंक्टिवाइटिस, वायरल कंजंक्टिवाइटिस और ज्वाइंट पेपिलरी कंजंक्टिवाइटिस है।
– कंजंक्टिवाइटिस का मुख्य कारण वायरस, बैक्टीरिया और एलर्जी हो सकते हैं। यह एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति के संपर्क में आने पर फैलता है।
– टावेल-गमछा और अन्य घरेलू सामान का उपयोग करने पर संक्रमण फैल जाता है।
– आंख का पुतली का सफेद हिस्सा लाल हो जाता है।
– आंखों में जलन खुजली, आंखों में पानी या आंसू आना, पलकों में सूजन।

इस तरह करें बचाव
– मरीज के आस-पास रहने वाले लोगों को कई बार साबुन, पानी या सेनिटाइजर से हाथ धोना चाहिए।
– फिल्टर किए ठंडे पानी से आंखों को धोएं।
– टिश्यू पेपर से ही आंखों को पोछकर कचरे के डिब्बे में डालें।
– रोशनी की चकाचौंध से बचने के लिए धूप का चश्मा पहनें।
– नेत्र विशेषज्ञ द्वारा दी गई सलाह के अनुसार दवाई का उपयोग करें।
– कंजंक्टिवाइटिस होने पर भीड़ में न जाएं।
– अपने उपयोग की वस्तुएं किसी को न दें।
– आंखों को हाथों से न रगड़ें और कॉन्टेक्ट लेंस का उपयोग न करें।
– उपयोग की गई आई-ड्रॉप्स का उपयोग न करें।
– नेत्र विशेषज्ञ से बिना पूछे स्टीरॉयड, आई-ड्रॉप्स या दवाएं सीधे मेडिकल स्टोर से न खरीदें।

You Might Also Like

बस्तर संभाग में कौशल विकास के माध्यम से शांति, पुनर्वास और समृद्धि की दिशा में बढ़ रहे कदम

हर बच्चे का बचपन, हम सबकी जिम्मेदारी : 21 विद्यालयों में पहुंचा ‘सुरक्षित बचपन अभियान’

करम परब हमारी समृद्ध जनजातीय संस्कृति और पूर्वजों की अमूल्य धरोहर, इसका संरक्षण एवं संवर्धन हम सभी का नैतिक दायित्व : सीएम साय

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय कैबिनेट के 19 ऐतिहासिक जनहितैषी निर्णय: दक्ष वैद्य साहू

मुख्यमंत्री साय के नेतृत्व में प्रदेश सुशासन और विकास के स्वर्णिम युग की ओर अग्रसर: रत्नावली कौशल

Om Prakash Verma July 25, 2023
Share this Article
Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp Copy Link
Share
Previous Article श्रीमद भागवत कथा: गीता के उपदेश में छुपा है मानव जीवन का सार : रत्नावली श्रीमद भागवत कथा: गीता के उपदेश में छुपा है मानव जीवन का सार : रत्नावली
Next Article Railway breaking : चेन पूलिंग से रेलवे को हुई तगड़ी कमाई, 6 माह में वसूला डेढ़ लाख से ज्यादा का जुर्माना

Ro.No.-14097/18

× Popup Image

Ro. No.-14093/1

[youtube-feed feed=1]


Advertisement

Advertisement


Logo

छत्तीसगढ़ प्रदेश का एक विश्वसनीय न्यूज पोर्टल है, जिसकी स्थापना देश एवं प्रदेश के प्रमुख विषयों और खबरों को सही तथ्यों के साथ आमजनों तक पहुंचाने के उद्देश्य से की गई है। इसके साथ ही हम महत्वपूर्ण खबरों को अपने पाठकों तक सबसे पहले पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

क्विक लिंक्स

  • होम
  • E-Paper
  • Crime
  • Durg-Bhilai
  • Education

Follow Us

हमारे बारे में

एडिटर : राजेश अग्रवाल
पता : शॉप नं.-12, आकाशगंगा, सुपेला, भिलाई, दुर्ग, छत्तीसगढ़ – 490023
मोबाइल : 9303289950
ई-मेल : shreekanchanpath2010@gmail.com

© Copyright ShreeKanchanpath 2022 | All Rights Reserved | Made in India by Anurag Tiwari

Removed from reading list

Undo
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?