खैरागढ़। यहां के विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस पार्टी मजबूत स्थिति में दिख रही है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल द्वारा खैरागढ़ छुई खदान व गंडई को मिलाकर नया जिला बनाने का जो वादा किया है, उसका सकारात्मक असर देखने को मिल रहा है। खैरागढ़ विधानसभा क्षेत्र में इसे लेकर अलग ही माहौल है और कांग्रेस के पक्ष में एक तरफा माहौल बन रहा है।
बता दें खैरागढ़ विधानसभा क्षेत्र राज परिवार का गढ़ माना जाता है। यहां हुए पिछले 16 चुनाव में 10 बाहर राज परिवार के लोग विधायक बने हैं। पिछले चुनाव में भी खैरागढ़ के राजा देवव्रत से विधायक चुने गए थे। वे खैरागढ़ से चार बार विधायक चुने गए। बीते वर्ष नवंबर माह में उनके निधन से खैरागढ़ विधानसभा सीट खाली हुई और यहां उपचुनाव की घोषणा की गई। 12 अप्रैल को खैरागढ़ विधानसभा उपचुनाव के लिए मतदान होना है और 16 अप्रैल को नतीजे आएंगे।

इससे पहले कांग्रेस पार्टी ने अपने पत्ते खोल दिए हैं। प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने यहां से यशोदा वर्मा को अपना प्रत्याशी बनाया है और पूरे विधानसभा क्षेत्र में माहौल इनके पक्ष में दिख रहा है। पिछले दिनों कांग्रेस ने घोषणा पत्र जारी कर खैरागढ़ विधानसभा क्षेत्र के लिए जनहित के कई वादे किए। इसमें सबसे बड़ा वादा यह है कि चुनाव परिणाम आने के बाद खैरागढ़ को नया जिला बनाया जाएगा।

कांग्रेस जीती तो बनेगा नया जिला
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल खैरागढ़ के लिए यह वादा कर चुके हैं कि 16 अप्रैल को यहां कांग्रेस की जीत होगी और 17 अप्रैल को खैरागढ़ जिला बना दिया। जाएगा मुख्यमंत्री के इस घोषणा ने भारतीय जनता पार्टी सहित अन्य सभी प्रत्याशियों की चिंता बढ़ा दी है। भाजपा अब तक कांग्रेस के इस वादे का तोड़ नहीं निकाल पाई है। उल्टे इसके खिलाफ माहौल बनाने का प्रयास कर खुद का वोट बैंक खराब कर रही है। खैरागढ़ को जिला बनाए जाने के विरोध में भाजपा नेताओं के बयान सामने आ रहे हैं इसे लेकर लोगों में नाराजगी भी है।
भाजपा के खिलाफ लग रहे हैं बैनर
खैरागढ़ विधानसभा क्षेत्र में भाजपा के खिलाफ कई जगह बैनर भी लगाए जा रहे हैं। दावा किया जा रहा है कि यह बैनर ग्रामीण लगा रहे हैं। जिसमें खैरागढ़ को जिला बनाए जाने का विरोध करने को लेकर भाजपा के खिलाफ कैप्शन लिखे गए हैं। खैरागढ़ में लगे बैनरों में लिखा गया है कि जिला बनाने का विरोध करने वाले भाजपाइयों का गांव मैं आना मना है। विकास विरोधी भाजपा को गांव में घुसने ना दें। ऐसे ही तरह-तरह के कैप्शन लिखकर बैनर टांगे जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का मास्टर स्ट्रोक
खैरागढ़ को जिला बनाए जाने की घोषणा मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का मास्टर स्ट्रोक माना जा रहा है। यहां पिछले दो-तीन चुनाव में कांग्रेस को हार का सामना करना पड़ा था। लेकिन वर्तमान में माहौल बदल गया है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के विकास कार्यों को देखकर यहां के ग्रामीण काफी संतुष्ट हैं और कांग्रेस को भारी जीत दिलाने के पक्ष में है। यही नहीं कांग्रेस पार्टी के पक्ष में माहौल बनाने के लिए कार्यकर्ता भी जी जान से लगे हुए हैं। बूथ से लेकर ब्लॉक स्तर तक कार्यकर्ता डोर टू डोर जनसंपर्क कर सरकार की योजनाओं को उन तक पहुंचा रहे हैं। जिस प्रकार का माहौल खैरागढ़ में दिख रहा है उससे एक बात तय नजर आ रही है कि इस बार कांग्रेस के प्रत्याशी यशोदा वर्मा को प्रचंड जीत मिलेगी।




