बीजापुर Bijapur. 2000 रुपए के नोट बंद करने की आरबीआई द्वारा की घोषणा का असर नक्सलियों पर भी पड़ा है। बीजापुर जिले में पुलिस ने दो लोगों को 6 लाख रुपए से ज्यादा के 2000-2000 रुपए के नोटों के साथ गिरफ्तार किया है। दोनों को नक्सलियों का सहयोगी बताया जा रहा है और वे इन नोटों को बैंक में जमा करने जा रहे थे। पुलिस ने इनके पास से 11 पासबुक भी जब्त किया है। मामला बीजापुर थाना क्षेत्र का है।
मिली जानकारी के अनुसार शुक्रवार को महादेव घाट में एमसीपी ड्यूटी में तैनात बीजापुर पुलिस और डीआरजी जवानों ने बाइक पर जा रहे दो युवकों को रोककर जांच की। पुलिस को देखकर दोनों भागने की कोशिश कर रहे थे इस बीच पुलिस ने उन्हें दौड़ाकर पकड़ा। तलाशी लेने पर उनके बैग में दो हजार रुपए के नोटों तीन बंडल मिले। इसके अलावा अलग-अलग बैंकों की 11 पासबुक और नक्सली पर्चा भी बरामद किया गया।
पूछताछ में पकड़े गए आरोपियों ने अपना परिचय बासागुड़ा के नरसापुर निवासी गजेंद्र माड़वी और लक्ष्मण कुंजाम बताया। जांच के दौरान दोनों रकम से जुड़े कोई भी वैध दस्तावेज नहीं दिखा पाए। पकड़े गए युवक गजेंद्र मंडावी ने पुलिस को बताया कि यह रकम प्लाटून नंबर 10 के नक्सली कमांडर मल्लेश का है। दो हजार के नोट बंद होने पर मल्लेश ने आठ लाख रुपए अपने जान पहचान वालों के खातों में जमा करने के लिए दिया था। लक्ष्मण कुंजाम ने पीएनबी में 50 हजार, यूनियन बैंक में 48 हजार और गजेंद्र ने एसबीआई में 38 हजार व सेंट्रल बैंक में 50 हजार रुपए अलग-अलग खाते में जमा किए। बाकी रकम अलग-अलग दिनों में जमा करना था लेकिन इससे पहले ही पुलिस के हत्थे चढ़ गए। पुलिस ने दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया है।




