सुकमा। नक्सलमुक्त घोषित होने के बाद आत्मसमर्पित नक्सलियों से मिली सूचना के आधार पर सुरक्षाबल लगातार नक्सल डंप का पता लगा रहे हैं। इसी कड़ी में सुकमा में एक बड़े नक्सल डंप का भंडाफोड़ किया है। किस्टाराम थाना क्षेत्र के पालाचलमा गांव के पहाड़ी और जंगल इलाके में चलाए गए तलाशी अभियान के दौरान 13 हथियार, 208 नॉन-इलेक्ट्रिक डेटोनेटर और 46 जिंदा कारतूस समेत भारी मात्रा में गोला-बारूद और अन्य सामग्री बरामद की गई है। जिला बल, जिला रिजर्व गार्ड (डीआरजी) और बस्तर फाइटर्स की संयुक्त टीम ने यह कार्रवाई की।
नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत जिले के जंगलों और दुर्गम इलाकों में छिपाकर रखे गए हथियारों और विस्फोटक सामग्री की लगातार तलाश की जा रही है। इसी कड़ी में पुलिस अधीक्षक मयंक गुर्जर और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (नक्सल ऑप्स) रोहित शाह के मार्गदर्शन में संयुक्त टीम ने 12 अक्टूबर को पालाचलमा के जंगल और पहाड़ी क्षेत्र में सघन तलाशी अभियान चलाया। आत्मसमर्पित नक्सलियों से मिली जानकारी के आधार पर सुरक्षा बलों ने इलाके में एरिया डोमिनेशन और सर्चिंग की। इस दौरान पहाड़ी क्षेत्र में नक्सलियों द्वारा छिपाकर रखा गया डंप मिला। जवानों ने वहां से हथियारों, गोला-बारूद और अन्य सामग्री को बरामद कर सुरक्षित कब्जे में ले लिया।
बरामद हथियारों में दो .303 रायफल, एक सिंगल शॉट, चार बीजीएल लॉन्चर, तीन बारह बोर रायफल, दो भरमार बंदूकें और एक देसी कट्टा शामिल हैं। इसके अलावा मौके से विभिन्न प्रकार के हथियारों के खाली खोखे भी मिले हैं। सुरक्षा बलों ने कुल 46 जिंदा कारतूस जब्त किए हैं। इनमें इंसास मैगजीन के 26 और बारह बोर के 20 जिंदा राउंड शामिल हैं। हथियारों और कारतूसों के अलावा तलाशी अभियान के दौरान 208 नॉन-इलेक्ट्रिक डेटोनेटर, एक तीर बम और दो बीजीएल सेल भी बरामद किए गए हैं। मौके से एक वायरलेस सेट, दो चार्जर और एक मैगजीन पाउच भी मिला है। पुलिस ने बरामद सामग्री को सुरक्षित कब्जे में लेकर नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।




