ShreeKanchanpathShreeKanchanpath
  • होम
  • छत्तीसगढ़
    • रायपुर
    • दुर्ग-भिलाई
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Reading: बच्चों को किस उम्र से देना चाहिए फ्रूट जूस
Share
Notification Show More
Latest News
shreekanchanpath 20 # 01 Nov 2026
November 1, 2026
शिक्षक भर्ती परीक्षा : 1812 रिक्त संविदा पदों के लिए आयोजित सीबीटी परीक्षा में अभ्यर्थियों ने दिखाया उत्साह
October 31, 2026
रायपुर के आसमान में भारतीय वायु सेना की स्काईडाइविंग टीम दिखाएगी कौशल और टीम भावना
October 31, 2026
छत्तीसगढ़ के 15 पुलिस अफसरों व कर्मियों को मिला केंद्रीय गृह मंत्री दक्षता पदक
October 31, 2026
राज्योत्सव में स्कूल शिक्षा विभाग की स्टॉल पर दिखेगी आधुनिक शिक्षा और नवाचार की झलक
October 31, 2026
Aa
ShreeKanchanpathShreeKanchanpath
Aa
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Search
  • होम
  • छत्तीसगढ़
    • रायपुर
    • दुर्ग-भिलाई
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Follow US
© Copyright ShreeKanchanpath 2022 | All Rights Reserved | Made in India by Anurag Tiwari
Health

बच्चों को किस उम्र से देना चाहिए फ्रूट जूस

By @dmin Published June 27, 2020
Share
SHARE

बड़ों ही नहीं बल्कि बच्चों के लिए भी फल और सब्जियां बहुत फायदेमंद होती हैं लेकिन आपको ये पता होना चाहिए कि छोटे बच्चों को किस उम्र से फ्रूट जूस देना शुरू करना चाहिए। जूस सेहत के लिए अच्छे माने जाते हैं लेकिन बच्चों के लिए ये कितने फायदेमंद होते हैं, ये जानना जरूरी है। तो चलिए जानते हैं कि बच्चों को किस उम्र से जूस दे सकते हैं और उन्हें किस फल एवं सब्जी का जूस देना ज्यादा फायदेमंद रहता है।

Contents
क्या शिशु को जूस दे सकते हैं?जूस पीने के फायदेबच्चों को कब दे सकते हैं जूस?बच्चे को जूस देने के टिप्स

क्या शिशु को जूस दे सकते हैं?

आमतौर पर एक साल से कम उम्र के बच्चों को जूस नहीं देना चाहिए क्योंकि इससे उन्हें कोई लाभ नहीं मिलता और उनके दांतों में कीड़े लग सकते हैं। वहीं एक साल से अधिक उम्र के बच्चों को जूस से उतना ही फायदा मिलता है जितना कि वयस्कों को होता है। आप सेब, अंगूर, खरबूजा, गाजर, संतरा, टमाटर, नींबू, आडू, आम, बैरी, लीची, चुकंदर का जूस बच्चों को दे सकते हैं।

जूस पीने के फायदे

माइक्रोन्यूट्रिएंट्स:- फल और सब्जियां माइक्रोन्यूट्रिएंट्स का बेहतर स्रोत हैं जैसे कि विटामिन और मिनरल। ये मल्टीविटामिन और मिनरल शिशु के विकास में मदद करते हैं।
रक्त संचार:- माना जाता है कि फल और सब्जियों के रस से हृदय स्वस्थ रहता है। इनमें कई पॉलीफेनोल, विटामिन और खनिज पदार्थ होते हैं।
प्रीबायोटिक:- फल और सब्जियों के रस में बायाएक्टिव यौगिक जैसे कि पॉलीफेनोल, फाइबर और नाइट्रेट होता है। ये यौगिक प्रीबायोटिक की तरह काम करते हैं। इससे पाचन तंत्र दुरस्त रहता है।

बच्चों को कब दे सकते हैं जूस?

अमेरिकन एकेडमी ऑफ पीडियाट्रिक्स के अनुसार, 12 महीने से कम उम्र के बच्चों को जूस नहीं देना चाहिए क्योंकि इससे उन्हें कोई लाभ नहीं मिलता है। एक साल की उम्र के बाद बच्चों को नियंत्रित मात्रा में जूस दे सकते हैं लेकिन फिर भी साबुत अनाज उनके लिए बेहतर विकल्प होते हैं। बच्चों को प्रतिदिन 60 से 120 मि.ली से अधिक जूस नहीं देना चाहिए। एफडीए के अनुसार बच्चों को जूस उबालकर देना चाहिए क्योंकि इससे उनमें मौजूद बैक्टीरिया खत्म हो जाता है।

बच्चे को जूस देने के टिप्स

बच्चों को जूस बोतल की बजाय चम्मच या कप से दें।
उन्हें ताजा जूस दें जिसमें कोई स्वीटनर या पाउडर मिला न हो। ये पचाने में आसान होते हैं।
ठोस आहार की जगह जूस नहीं ले सकते हैं।
बच्चों के लिए फ्रूट जूस की बजाय सब्जी का रस देना शुरू करें क्योंकि फलों का रस ज्यादा मीठा होता है।
रात के समय बच्चों को फ्रूट जूस न दें क्योंकि इसकी वजह से पेट फूलने, गैस और अपच हो सकती है।

You Might Also Like

युवा शक्ति राष्ट्र की सबसे बड़ी ताकत, योग को जीवन में अपनाना जरूरी : संजय अग्रवाल

पं. जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में वार्षिक खेल समारोह ‘एनिग्मा 9.0’ के अंतर्गत पुरस्कार वितरण समारोह आयोजित

सुकमा के 30 बच्चों ने जाना श्सखीरूवन स्टॉप सेंटरश् का कामकाज, महिला सुरक्षा के प्रति हुए जागरूक

छत्तीसगढ़ में चिकित्सकों की बड़ी उपलब्धि, जीपीएम के जिला अस्पताल में 900 ग्राम के नवजात को मिला नया जीवन

स्वास्थ्य सुविधाओं की गुणवत्ता और सहज उपलब्धता सुनिश्चित करना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता : मुख्यमंत्री साय

@dmin June 27, 2020
Share this Article
Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp Copy Link
Share
Previous Article Women of Multutility Center did business of Rs 1.10 crore in 6 months मल्टीयूटीलिटी सेंटर की महिलाओं ने 6 माह में किया 1.10 करोड़ रुपए का व्यवसाय: सीएम बघेल ने उत्पादों की गुणवत्ता को सराहा
Next Article घर से पढ़ाई करने पर आपके बच्चे को मिल रहे हैं ये 5 फायदे

Ro.No.-14150/37

× Popup Image

Ro. No.-14093/2

[youtube-feed feed=1]


Advertisement

Advertisement


Logo

छत्तीसगढ़ प्रदेश का एक विश्वसनीय न्यूज पोर्टल है, जिसकी स्थापना देश एवं प्रदेश के प्रमुख विषयों और खबरों को सही तथ्यों के साथ आमजनों तक पहुंचाने के उद्देश्य से की गई है। इसके साथ ही हम महत्वपूर्ण खबरों को अपने पाठकों तक सबसे पहले पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

क्विक लिंक्स

  • होम
  • E-Paper
  • Crime
  • Durg-Bhilai
  • Education

Follow Us

हमारे बारे में

एडिटर : राजेश अग्रवाल
पता : शॉप नं.-12, आकाशगंगा, सुपेला, भिलाई, दुर्ग, छत्तीसगढ़ – 490023
मोबाइल : 9303289950
ई-मेल : shreekanchanpath2010@gmail.com

© Copyright ShreeKanchanpath 2022 | All Rights Reserved | Made in India by Anurag Tiwari

Removed from reading list

Undo
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?