उत्तर बस्तर कांकेर। कलेक्टर निलेशकुमार महादेव क्षीरसागर ने आयोजित समय-सीमा की बैठक में राजस्व विभाग में विभिन्न प्रकरणों के काफी समय से लंबित होने पर नाराजगी जाहिर करते हुए अगली बैठक में निराकरण नहीं होने का स्पष्ट कारण के साथ उपस्थित होने के निर्देश सभी राजस्व अधिकारियों को दिए। उन्होंने विभिन्न विभागों में योजनाओं के तहत एवं निर्माण कार्यों के लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्वक पूर्ण करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए।
सोमवार की सुबह 11 बजे से कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा की बैठक में कलेक्टर ने कहा कि राजस्व विभाग आम जनता की समस्याओं से प्रत्यक्ष तौर पर जुड़ा है तथा सभी राजस्व अधिकारी संवेदनशीलता और निष्ठापूर्ण ढंग से सौंपे गए दायित्वों का निर्वहन करें। उन्होनें नामांतरण, बंटवारा, फौती, बी-वन सहित जाति एवं अन्य प्रकार के प्रमाण-पत्र बनाने में तेजी लाने के निर्देश दिए तथा कहा कि ऐसे प्राथमिकता वाले कार्यों में ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जाति प्रमाण-पत्रों के मामले में कांकेर, नरहरपुर, कोयलीबेड़ा तथा अंतागढ़ तहसील की धीमी प्रगति पर असंतोष प्रकट करते हुए जल्द से जल्द प्रमाण पत्र तैयार करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन में लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए कहा कि एल-1 तथा एल-2 के अधिकारी समय पर प्रकरणों का निराकरण नहीं करेंगे तो स्वतः एल-3 यानी उच्च कार्यालय को स्वतः हस्तांतरित हो जाएगा। उन्होंने सभी अधिकारियों को अपनी आईडी खोलकर शिकायतों का यथा संभव अपने स्तर पर निराकरण करने के लिए निर्देशित किया।
बैठक में कलेक्टर क्षीरसागर ने विकसित भारत जी-रामजी, निष्क्रिय बैंक खातों को मर्ज करने, डीएमएफ के तहत लंबित निर्माण कार्यों को जल्द पूर्ण करने, प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) में प्रगति लाने, विशेष केंद्रीय सहायता मद, नियद नेल्लानार, अटल डिजिटल सुविधा केंद्र भवन निर्माण सहित आंगनबाड़ी भवनों एवं पीडीएस केंद्रों के निर्माण को लेकर कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि सभी कार्यों को शीघ्रता से पूर्ण कराएं अन्यथा संबंधित क्रियान्वयन एजेंसी से राशि वापस ली जाए। मुख्यमंत्री द्वारा वर्ष 2023 से अब तक की गई घोषणाओं को गंभीरता से लेते हुए शेष कार्यों को जल्द पूर्ण करने के निर्देश कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को दिए। इसके अलावा पोषण पुनर्वास केंद्रों में गंभीर कुपोषित बच्चों को भर्ती कराने, 14 साल की शत-प्रतिशत किशोरी बालिकाओं को एचपीव्ही टीकाकरण कराने के लिए स्कूलों में जाकर शिविर लगाने तथा आयुष्मान वय वंदना योजना के तहत वरिष्ठ नागरिकों का लक्ष्य के विरूद्ध शत-प्रतिशत पंजीयन पूर्ण कराने के निर्देश मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को दिए। बैठक के दौरान कलेक्टर ने नशामुक्त भारत अभियान के तहत उपस्थित सभी अधिकारियों को नशामुक्त समाज के निर्माण में अपनी सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करने तथा लोगों को नशा से दूर रहकर स्वस्थ जीवन शैली अपनाने के लिए प्रोत्साहित एवं प्रेरित करने की शपथ दिलाई। इस अवसर पर जिला पंचायत के सीईओ हरेश मंडावी, अपर कलेक्टर द्वय जितेन्द्र कुर्रे एवं ए.एस. पैकरा, एसडीएम कांकेर सरस्वती बंजारे सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।




