नई दिल्ली (एजेंसी)। कोरोना वायरस महामारी के खिलाफ जंग में रेमडेसिविर की अब किल्लत नहीं होने वाली है। कोरोना की दूसरी लहर में जिस तरह से रेमडेसिविरी की मांग बढ़ी है, उसके मद्देनजर केंद्रीय मंत्री मनसुख मंडाविया ने शनिवार को एक राहत भरी जानकारी दी। केंद्रीय मंत्री ने बताया कि रेमडेसिविर इंजेक्शन का उत्पादन 10 गुना तक बढ़ गया है। दरअसल कोविड-19 के बढ़ते मामलों के कारण देश के विभिन्न हिस्सों में रेमडेसिविर की मांग काफी है।

मनसुख मांडविया ने ट्वीट कर जानकारी दी कि कि एक महीने के भीतर ही रेमडेसिविर का उत्पादन 10 गुना बढ़ गया है। उन्होंने बताया कि अप्रैल में जहां 10 लाख रेमडेसिविर इंजेक्शन का उत्पादन हो रहा था, मई में इसकी संख्या 1 करोड़ पहुंच गई है। उन्होंने ट्वीट किया, ‘मुझे आप सभी को यह बताते हुए खुशी और संतुष्टि हो रही है कि रेमडेसिविर का उत्पादन दस गुना बढ़ गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व में आज एक दिन में 3,50,000 शीशियों का उत्पादन हो रहा है, जबकि 11 अप्रैल 2021 यह संख्या 33,000 थी।
I am delighted and satisfied to inform you all that the Production of Remdesivir is ramped up ten times from
— Dr Mansukh Mandaviya (@mansukhmandviya) May 29, 2021
just ~33,000 vials/day on 11th April 2021 to ~3,50,000 vials/day today under the astute leadership of Hon'ble PM Shri @narendramodi Ji. (1/3) pic.twitter.com/Vy2RzrsYMQ
उन्होंने आगे बताया कि हमने एक महीने के भीतर रेमडेसिविर उत्पादन करने वाले संयंत्रों की संख्या भी 20 से बढ़ाकर 60 कर दी है। अब देश के पास पर्याप्त रेमडेसिविर इंजेक्शन है क्योंकि अब आपूर्ति, मांग से कहीं अधिक है। इसलिए हमने राज्यों को रेमडेसिविर के केंद्रीय आवंटन को बंद करने का फैसला किया है।
उन्होंने आगे कहा कि हालांकि मैंने नेशनल फार्मास्युटिकल प्राइसिंग अथॉरिटी और सीडीएससीओ इंडिया को देश में रेमडेसिविर की उपलब्धता की लगातार निगरानी करने का निर्देश दिया है। भारत सरकार ने आपातकालीन आवश्यकता के लिए इसे रणनीतिक स्टॉक के रूप में बनाए रखने के लिए रेमडेसिविर की 50 लाख शीशियों की खरीद करने का भी निर्णय लिया है।




