भिलाई। कृषि कानूनों के विरोध में आज भारत बंद है। एक ओर जहां दिल्ली में हजारों किसान डटे हुए हैं वहीं दूसरी ओर देशभर में इनके समर्थन में कांग्रेस पार्टी सहित तमाम राजनीतिक दल सामने आ गए हैं। इसी कड़ी में छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महामंत्री जितेन्द्र साहू के नेतृत्व में कांग्रेस जनों ने विरोध प्रदर्शन किया। इस मौके पर जितेन्द्र साहू ने कहा कि किसानों व गरीबों के विरोध में काम करना ही भाजपा की पहचान है।
विरोध प्रदर्शन के दौरान उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए जितेन्द्र साहू ने कहा कि केन्द्र में भाजपा की सरकार बनने से पहले बड़े बड़े वादे किए थे। किसानों की आय दोगुनी करने व स्वामीनाथन कमेटी की सिफारिशों को लागू करने की बात कही थी लेकिन सरकार बनते ही इसे भूलकर किसानों के विरोध में तीन काले कानून बना डाले। कृषि कानूनों के बनने के बाद देशभर का किसाना भयभीत है कि उसका क्या होगा। दिल्ली में आज किसान आंदोलन कर रहा है और भापजा की सरकार कुछ नहीं कर पा रही है।
जितेन्द्र साहू ने कहा कि भाजपा ने सरकार बनने के बाद पहले भूमिअधिग्रहण बिल लाया था। उस समय कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के नेतृत्व में आंदोलन किया गया जिसके कारण केन्द्र को भूमिअधिग्रहण कानून वापस लेना पड़ा था। जितेन्द्र साहू ने कहा कि आज फिर से वही स्थिति आ गई है। इस बार किसानों ेके खिलाफ तीन काले कानून लेकर आए हैं। केन्द्र सरकार के इस कानून से देशभर में कालाबाजारी को बढ़ावा मिलेगा। जिनके पास संसाधन है वे इसका स्टोरेज करेंगे और गरीब किसान इससे परेशान होगा।
जितेन्द्र साहू छत्तीसगढ़ सरकार का उद्हारण देते हुए कहा कि प्रदेश में भूपेश सरकार 25 सौ रुपए समर्थन मूल्य पर धान खरीद रही है। अब जो नया कानून बना है इसमें दूसरे राज्य से किसान छत्तीसगढ़ में धान बेचेगा तो उसे 25 सौ रुपए कैसे देंगे। जितेन्द्र साहू ने कहा कि भाजपा नेता आंदोलन करने वाले किसानों को नकली बता रही है। भाजपा का बयान आया था कि असली किसान खेतों में और नकली किसान आंदोलन कर रहा है। यह कहकर भाजपा ने किसानों का अपमान किया है। जितेन्द्र साहू का कहना है कि हम किसानों के साथ है और हमारी मांग है कि केन्द्र सरकार किसान विरोधी इन कानूनों को तत्काल वापस ले।
कृषि कानूनों के विरोध में भारत बंद: प्रदेश महासचिव जितेन्द्र साहू ने कहा किसानों व गरीबों के विरोध में काम, यही भाजपा की पहचान




