अंबिकापुर। छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल 18 वीं बटालियन के जवान ने अपनी पत्नी की हत्या कर शव का नदी में छिपा दिया। पूरे प्लान के साथ जवान ने हत्या की और शव का नदी में ऐसे छिपाया कि वह बह न सके। इसके बाद जवान ने खुद थाने पहुंचकर अपनी पत्नी की गुमशुदगी रिपोर्ट दर्ज कराई, जबकि ससुराल वालों बेटी के गायब होने के पीछे जवान का हाथ होने की आशंका जताई। पुलिस ने जांच के बाद जवान को हिरासत में लिया और कड़ाई से पूछताछ की तो जवान ने पूरी सच्चाई बता दी। पुलिस ने आरोपी जवान को अपनी पत्नी की हत्या के जुर्म में गिरफ्तार कर लिया है।
घटना सरगुजा जिले के मैनपाट थाना क्षेत्र की है। छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल का जवान मनीष तिर्की (31) ने पत्नी दिव्या गुलाब कुजुर (25) की गला दबाकर हत्या कर दी। गिरफ्तारी के बाद आरोपी जवान ने हत्या का जो कारण बताया वह चौंकाने वाला निकला। मनीष तिर्की ने बताया कि उसकी शादी जबरन कराई गई और वह इस शादी से खुश नहीं था। इसलिए उसे रास्ते से हटाने का प्लान बनाया। प्लान के मुताबिक जवान ने 2 मार्च को पत्नी दिव्या गुलाब को अंबिकापुर से मोटरसाइकिल से साथ लेकर अपने गांव सुपलगा गया था।
यहां से निकल कर घर से लगे मछली नदी के दूसरी ओर गेहूं की फसल पर सिंचाई करने का बहाना बनाया और पत्नी को भी साथ चलने को कहा। वह अपनी पत्नी को पीठ पर बैठाकर नदी पार करा रहा था इस दौरान बीच नदी में उसने पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी। हत्या के बाद शव को पत्थरों के खोह में ऐसी जगह पर छिपाया, जहां किसी की नजर न पड़े। यही नहीं शव के बिजली के तार से बांधकर पत्थरों के बीच फंसा दिया ताकि शव बह न सके। आरोपी के बयान के बाद पुलिस 14 मार्च की रात को मछली नदी के पास पहुंची। इसके दूसरे दिन बुधवार को सर्चिंग शुरू की गई। आरोपी के बताए जगह पर दिव्या गुलाब का शव बरामद किया गया। इसके बाद आरोपी जवान मनीष तिर्की को गिरफ्तार कर लिया गया।
प्रेम प्रसंग के बाद भी नहीं करना चाहता था शादी
आरोपी सीएएफ का जवान मनीष तिर्की वर्तमान में सुकमा में तैनात था और एक माह की छुट्टी पर वह अपने गांव वापस लौटा था। पुलिस पूछताछ में पता चला कि मृतिका दिव्या गुलाब कुजुर की बहन का विवाह जवान के बड़े भाई से हुआ है। इस वजह से मृतका का उनके घर पर आना जाना लगा था। इस दौरान मनीष तिर्की व दिव्या के बीच प्रेम संबंध बन गया। पिछले तीन वर्षों से इनके बीच प्रेम प्रसंग था इसके बाद भी जवान दिव्या गुलाब कुजुर से शादी नहीं करना चाहता था। उसने कहीं और शादी करने का मन बना लिया था। लेकिन दिव्या कुजूर शादी के लिए दबाव बना रही थी और इसी दबाव में आकर उसने शादी की। शादी के बाद वह अपनी पत्नी को रास्ते से हटाने की योजना बनाने लगा था।



