भिलाई। चरोदा में घटित अंधे हत्याकाण्ड का खुलासा भिलाई 3 पुलिस द्वारा किया गया है। पत्नि ने प्रेमी के साथ मिलकर दिया था घटना को अंजाम दिया है। देनदारी की रकम से छुटकारा पाने के प्रेमी के साथ मिलकर की थी हत्या की साजिश। पुलिस गिरफ्त से बचने के लिए अस्पताल में भर्ती हो गया था। घटना में प्रयुक्त आलाजरब जप्त एवं दो आरोपी को गिरफ्तार किया गया है।

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर संजय धु्रव एवं उप पुलिस अधीक्षक विश्वास चंद्राकर ने आज पुलिस नियंत्रण कक्ष में ली गई पत्र वार्ता में बताया कि 25 जनवरी को थाने पर सूचना प्राप्त हुई की हाउसिंग बोर्ड चरोदा नं 559 निवासी सुनील शर्मा रक्तरंजित अपने घर पर ही कमरे में पड़ा हुआ है । जिसे परिजनों द्वारा 108 एम्बुलेन्स के माध्यम से शासकीय अस्पताल दुर्ग भेजा गया है कि सूचना पर थाना प्रभारी पुरानी भिलाई के द्वारा सूचना से वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत करा कर स्टाफ घटना स्थल पहुंचने पर परिजनों के द्वारा बताया गया कि सुनील शर्मा रात्रि में भोजन कर के अपने कमरे में सोया हुआ था । बगल कमरे में उसकी पत्नि रानी शर्मा अपनी दो पुत्रियों के साथ सोई हुई थी उसका कमरा बाहर से बंद था । मृतक की पत्नि के फोन करने पर उसकी माँ मृतक के पर आई तो देखी कि आगन एवं सामने कमरे का दरवाजा खुला हुआ है और उसके दामाद सुनील शर्मा रक्त रंजित अवस्था में अपने कमरे में पड़ा हुआ था।
जिसकी सूचना रिस्तेदारों को देने पर इलाज हेतु जिला अस्पताल दुर्ग ले जाया गया है कि तभी परिजनों के माध्यम से सूचना प्राप्त हुई कि सुनील शर्मा को जिला अस्पताल में मृत घोषित कर दिया गया है तथा शव को शासकीय अस्पताल दुर्ग के मरच्युरी में रखा गया है । मौके पर ही मर्ग कायम कर जाँच कार्यवाही में लिया गया । जाँच कार्यवाही उपरांत मृतक के भतीजे अनिल शर्मा पिता शिव शर्मा , निवासी नेहरू चौक चरोदा बस्ती की रिपोर्ट पर अज्ञात आरोपी के विरूद्ध अप क्रमांक 28/2022 धारा 302 , 450 भादवि का कायम कर विवेचना में लिया गया।
उक्त सनसनीखेज घटना को अत्यंत गंभीरता से लेते हुये बद्रीनारायण मीणा के द्वारा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर संजय ध्रुव , नगर पुलिस अधीक्षक पुरानी भिलाई विश्वास चन्द्राकर की आवश्यक दिशा निर्देश देते हुये अज्ञात आरोपियों की पतासाजी कर शीघ्र गिरफ्तारी हेतु एक विशेष टीम गठित की गई टीम द्वारा घटना स्थल के आसपास के आवागमन के रास्तों पर लगे सीसीटीवी फूटेज एकत्रित कर सूक्ष्मता से अवलोकन किया गया संदेशियों के मोबाईल नम्बर प्राप्त कर उनका तकनीकी विश्लेषण किया गया । आसपास के क्षेत्रों में पतासाजी हेतु विशेष सूत्र लगाये गये संदिग्धों पर विशेष निगाह रखी जा रही थी इसी दौरान विशेष सूत्रों के माध्यम से पता चला कि मृतक की पत्नि रानी शर्मा का प्रेम संबंध धीरज कश्यप निवासी पंचशील नगर के साथ है । जिसका रानी शर्मा के घर आनाजाना एवं काफी घनिष्टता भी है, सूचना पर संदिग्धों के संबंध में तकनीकी जानकारी जुटा कर तस्दीक किया गया जिससे सूचना की पुष्टि भी हुई।
संदेही धीरज कश्यप के संबंध में पतासाजी करने पर पता चला की वह कोविड पॉजिटिव हो जाने से इलाज हेतु चंदुलाल चन्द्राकर मेमोरियल हास्पीटल चंदखुरी में भर्ती है जिस पर गोपनीय रूप से निगाह रखी जा रही थी । अस्पताल से डिस्चार्ज होने के उपरान्त संदेही धीरज कश्यप को हिरासत में लेकर सूक्ष्मता से तथ्यात्मक रूप से सत्त पृछताछ करने के परिणाम स्वरूप संदेही धीरज कश्यप के द्वारा मृतक सुनील शर्मा की पत्नि रानी शर्मा से प्रेम संबंध स्वीकार करते हुये घटना के संबंध में बातया कि रानी शर्मा के साथ मिलकर किसी संदीप नाम के युवक से नौकरी लगाने के नाम पर रकम लिये थे जो कि अपने रकम की वापसी के लिये बार बार परेशान कर रहा था और थाने में रिपोर्ट करने की धमकी भी दे रहा था ।
मोहलत मांगने पर 25 जनवरी तक संदीप के द्वारा मोहलत भी दिया गया था, जिसके बाद संदीप के द्वारा थाना पुरानी भिलाई में रिपोर्ट कर दुंगा, कह कर बोला था । इसी दरम्यान धीरज एवं रानी के द्वारा भारतीय एक्सा एवं लाईफ इन्शुरेन्स से लोन लेकर संदीप का रकम वापस करने का प्रयास भी किया जा रहा था किन्तु लोन सेंम्शन नहीं हो रहा था और दोनो अपने बीच से मृतक सुनील शर्मा को हटाना भी चाहते थे जिससे दोनो ने मिलकर योजना बनाई कि यदि सुनील की हत्या कर देते हैं तो रकम वापसी के लिए पति की मृत्यु का बहाना बनाकर मोहलत लिया जा सकता है । जिससे की संदीप रिपोर्ट करने थाना भी नहीं जायेगा तब दिनांक 24 , 25 जनवरी कि दरम्यानी रात को धीरज मृतक सुनील शर्मा के घर गया दरवाजा खटखटाने पर प्रेमिका रानी शर्मा ने दरवाजा खोला मृतक अपने कमरे में सो रहा था।
धीरज ने सव्वल से मृतक के सिर में वार किया जब उसके मुँह कराहने की अवाज निकलने लगी जो बाहर ना जाये सोचकर मृतक की पत्नि रानी शर्मा के द्वारा दुपट्टे से मुँह को दबा दिया गया । उसके बाद दोनों मृतक के कमरे से बाहर निकले धीरज की प्रेमिका रानी अपने कमरे चली गई और धीरज के द्वारा उसके कमरे का बाहर से कुंडी बंद कर वहाँ से चला गया बाद में कोविड पॉजिटिव होने से चंदुलाल चन्द्राकर मेमोरियल हास्पीटल कचान्दुर में ईलाज हेतु भर्ती हो गया । तद्उपरांत मृतक की पत्नि / आरोपी धीरज कश्यप की प्रेमिका रानी शर्मा से पृथक पूछताछ पर आरोपी परश्य के साथ मिलकर हत्या करने का जुर्म स्वीकार किया । उक्त दोनो आरोपियों की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त लोहे का सब्बल , घटना के समय पहने हुये खून अलूदा कपड़े व दुपट्टा जप्त किया गया । आरोपियों को गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में पेश किया है।




