कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में थाने से भागा छेड़छाड़ का आरोपी तीन दिन बाद पुलिस की गिरफ्त में आया। दरअसल पुलिस को चकमा देकर आरोपी थाने से भाग गया था। इसके बाद जंगल में छिपकर रह रहा था। रात के अंधेरे में घर आता और सुबह होने से पहले भाग जाता था। मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी की और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद आरोपी को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया।
मिली जानकारी के अनुसार आरोपी खीरचंद पिता रामचरण (40) पसान थाना क्षेत्र का निवासी है। उसके खिलाफ छेड़छाड़ का पुराना मामला दर्ज था, जिसमें वह लंबे समय से फरार चल रहा था। न्यायालय ने उसके खिलाफ स्थायी वारंट जारी किया था। 22 सितंबर को पसान पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर थाने लाया था। थाने में बैठाकर आरोपी से पूछताछ की जा रही थी। इसी दौरान उसने शौचालय जाने की बात कही। ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों ने उसे जाने दिया, लेकिन वह शौचालय से वापस नहीं लौटा। काफी देर तक उसके नहीं लौटने पर पुलिसकर्मी उसे तलाशने गए, लेकिन आरोपी थाने से फरार हो चुका था। घटना की जानकारी मिलते ही थाने में हड़कंप मच गया।
आरोपी के फरार होने के बाद पुलिस ने उसके खिलाफ अभिरक्षा से भागने का अलग से अपराध दर्ज किया और तलाश शुरू कर दी। आसपास के जंगल, उसके घर और आने-जाने वाले रास्तों पर नाकेबंदी की गई, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिला। पुलिस के अनुसार, फरार होने के बाद आरोपी एक दिन तक जंगल और आसपास के इलाकों में छिपता रहा। इसके बाद वह रात में गांव में सन्नाटा होने के बाद घर के पिछले रास्ते से करीब 11 बजे पहुंचता था। परिवार से मिलने के बाद सुबह करीब 3 बजे फिर जंगल की ओर निकल जाता था। आरोपी खेती-किसानी और मजदूरी का काम करता है। उसकी पत्नी और बच्चे घर पर रहते हैं, जिनसे मिलने के लिए वह रोज रात में घर पहुंच रहा था।
इसी बीच पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि आरोपी रात के समय अपने घर आता है। सूचना के आधार पर 25 सितंबर की आधी रात पसान पुलिस ने उसके घर की घेराबंदी की और छापा मारकर आरोपी खीरचंद को गिरफ्तार कर लिया। पसान थाना प्रभारी सुरेंद्र यादव ने बताया कि फरार आरोपी खीरचंद को गिरफ्तार कर लिया गया है। उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करते हुए न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।



