कुन्नूर (एजेंसी)। तमिलनाडु के कुन्नूर में बुधवार को हुए चौपर क्रैश में देश के पहले चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) बिपिन रावत, उनकी पत्नी और 11 अन्य सैनिकों की मौत हो गई। आज इनके पार्थिव शरीर को दिल्ली लाया जा रहा है। इससे पहले आज नीलगिरि में हजारों लोगों ने नम आखों से वीर सपूतों को अंतिम विदाई दी।
जनरल रावत सहित अन्य सैन्य कर्मियों का शव जब मद्रास रेजिमेंटल सेंटर से सुलूर एयरबेस लाया जा रहा था तो रास्ते के दोनों तरफ हजारों लोग खड़े थे। लोगों ने शवों को एयरबेस ले जा रहे वाहनों पर फूलों की बारिश की तो ‘भारत माता की जय’ के नारे लगाए।
#WATCH| Tamil Nadu: Locals shower flower petals & chant 'Bharat Mata ki Jai' as ambulances carrying mortal remains of CDS Gen Rawat, his wife & other personnel who died in Coonoor military chopper crash, arrive at Sulur airbase from Madras Regimental Centre in Nilgiris district pic.twitter.com/fhVIDaf5FL
— ANI (@ANI) December 9, 2021
इससे पहले तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम के स्टालिन, तेलंगाना की राज्यपाल तमिलिसाई सुंदरराजन और सैन्य कर्मियों समेत अन्य ने हेलीकॉप्टर दुर्घटना में जान गंवाने वाले प्रमुख रक्षा अध्यक्ष (सीडीएस) जनरल बिपिन रावत और 12 अन्य लोगों को पुष्पांजलि अर्पित की। जनरल रावत और अन्य के पार्थिव शरीर को बाद में सड़क मार्ग से कोयंबटूर ले जाया गया, जहां से उन्हें नई दिल्ली ले जाया जाएगा।
गुरुवार को स्टालिन, सुंदरराजन, राज्य के मंत्रियों, वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों और अन्य ने यहां पास में वेलिंगटन में मद्रास रेजिमेंटल सेंटर में हादसे में मारे गए व्यक्तियों के पार्थिव शरीर पर पुष्पांजलि और पुष्पचक्र अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर भी दिया गया। तिरंगे में लिपटे ताबूतों को सेना के ट्रकों से कार्यक्रम स्थल पर लाया गया।
काला मफलर ओढ़े स्टालिन ने जनरल रावत और अन्य को पुष्पांजलि अर्पित की और बाद में वहां मौजूद सेना के वरिष्ठ अधिकारियों से बातचीत की। उनके मंत्रिमंडल सहयोगी के. एन. नेहरू, एम पी सामीनाथन और के. रामचंद्रन, राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों और पुलिस अधिकारियों एवं सेना के जवानों सहित अन्य ने दिवंगत लोगों को श्रद्धांजलि दी। भारत के पहले सीडीएस जनरल रावत, उनकी पत्नी मधुलिका रावत और 11 अन्य की बुधवार को यहां पास में हेलीकॉप्टर दुर्घटना में मृत्यु हो गई थी।





