ShreeKanchanpathShreeKanchanpathShreeKanchanpath
  • होम
  • छत्तीसगढ़
    • रायपुर
    • दुर्ग-भिलाई
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Reading: सर्व पितृ मोक्ष अमावस्या पर ऐसे करें अपने पितरों को विदाई, घर में आएगी सुख, शांति और समृद्धि
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
ShreeKanchanpathShreeKanchanpath
Font ResizerAa
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Search
  • होम
  • छत्तीसगढ़
    • रायपुर
    • दुर्ग-भिलाई
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Follow US
© Copyright ShreeKanchanpath 2022 | All Rights Reserved | Made in India by Anurag Tiwari
ChhattisgarhDurg-BhilaiFeatured

सर्व पितृ मोक्ष अमावस्या पर ऐसे करें अपने पितरों को विदाई, घर में आएगी सुख, शांति और समृद्धि

By @dmin
Published: September 22, 2022
Share
सर्व पितृ मोक्ष अमावस्या पर ऐसे करें अपने पितरों को विदाई, घर में आएगी सुख, शांति और समृद्धि
SHARE

भिलाई. हिंदू धर्म अपने पितरों और पूर्वजों को प्रसन्न करने के लिए पितृ पक्ष का बहुत महत्वपूर्ण स्थान है। अभी पितृ पक्ष चल रहा है। इन दिनों में लोग अपने पूर्वजों के निमित्त तर्पण, पिंडदान, श्राद्ध कर्म करते हैं ताकि उन्हें शांति मिले। 25 सितंबर को सर्व पितृ अमावस्या है। इस दिन पितरों को विदाई दिया जाता है।

सर्व पितृ अमावस्या 2022
सर्व पितृ अमावस्या को पितृ विसर्जनी अमावस्या भी कहा जाता है। ये पितृ पक्ष का आखिरी दिन होता है। शास्त्रों के मुताबिक वैसे तो पितृ पक्ष में पूर्वजों की मृत्यु तिथि पर उन्हें याद कर पिंडदान, श्राद्ध करना चाहिए, लेकिन अगर किसी कारण संभव न हो पाए तो सर्व पितृ अमावस्या के दिन पितरों को नाम से दान और ब्राह्मण या जरूरतमंदों को भोजन कराने से भी पूर्वज प्रसन्न होते हैं। इनके आशीर्वाद से घर में सुख-समृद्धि आती है।

सर्व पितृ अमावस्या – 25 सितंबर 2022
आश्विन अमावस्या तिथि शुरू – 25 सितंबर 2022, सुबह 3 बजकर 12 मिनट से
आश्विन अमावस्या तिथि समाप्त – 26 सितंबर 2022, सुबह 3 बजकर 23 मिनट तक

ऐसे दें पितरों को विदाई
सर्व पितृ विसर्जनी अमावस्या के दिन स्नान कर सफेद वस्त्र पहनकर पितरों के नाम तर्पण करें।
दक्षिण मुखी होकर बैठे और एक तांबे के पात्र में गंगाजल या स्वच्छ पानी भर लें। उसमें काले तिल और थोड़ा कच्चा दूध और कुशा डालकर तर्पण करें।
तर्पण करते वक्त इस मंत्र का जाप करें। ओम पितृ गणाय विद्महे जगधारिण्ये धीमहि तन्नो पितरो प्रचोदयात और पितरों की शांति की प्रार्थना करें।
इस दिन ब्राह्मण भोजन जरूर कराएं।
भोजन में खीर जरूर बनवाएं। ब्राह्मणों के लिए जो भोजन बनाया है उसमें से 5 हिस्से निकालें, देवताओं, गाय, कुत्ते, कौए और चींटियों के लिए।
अब ब्राह्मणों को वस्त्र और सामथ्र्य अनुसार दक्षिणा उनका आशीर्वाद लें और उन्हें सम्मान पूर्वक विदा करें। इस दिन दीप दान करने की परंपरा है।

सेंट्रल विस्टा: निर्माण कार्य रोक की याचिका पर हुई सुनवाई, दिल्ली हाईकोर्ट ने फैसला रखा सुरक्षित
तीरंदाजी विश्व कप: भारतीय महिला रिकर्व टीम ने रचा इतिहास, मैक्सिको को हराकर जीता स्वर्ण पदक
मुख्यमंत्री साय का बड़ा निर्णय : दलहन तिलहन और गेहूं पर मंडी शुल्क और कृषक कल्याण शुल्क में पूरी छूट
मुख्यमंत्री नारायणपुर के बासिंग में 8 फरवरी को करेंगे 261.62 करोड़ के कार्यों का लोकार्पण-भूमिपूजन
पुलिस की बड़ी लापरवाही: कोर्ट परिसर से चकमा देकर कैदी फरार, दो आरक्षक सस्पेंड
Share This Article
Facebook Whatsapp Whatsapp Copy Link
Share
Previous Article बिग ब्रेकिंग- एएसपी संजय गए रायगढ़ और संजय ही होंगे दुर्ग के नए एएसपी सिटी
Next Article सियान जतन क्लीनिक, अब हर महीने के पहले गुरुवार को सरकारी अस्पतालों में होगा बुजुर्गों का इलाज
× Popup Image

[youtube-feed feed=1]


Advertisement

Advertisement


Logo

छत्तीसगढ़ प्रदेश का एक विश्वसनीय न्यूज पोर्टल है, जिसकी स्थापना देश एवं प्रदेश के प्रमुख विषयों और खबरों को सही तथ्यों के साथ आमजनों तक पहुंचाने के उद्देश्य से की गई है। इसके साथ ही हम महत्वपूर्ण खबरों को अपने पाठकों तक सबसे पहले पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

क्विक लिंक्स

  • होम
  • E-Paper
  • Crime
  • Durg-Bhilai
  • Education

Follow Us

हमारे बारे में

एडिटर : राजेश अग्रवाल
पता : शॉप नं.-12, आकाशगंगा, सुपेला, भिलाई, दुर्ग, छत्तीसगढ़ – 490023
मोबाइल : 9303289950
ई-मेल : shreekanchanpath2010@gmail.com

© Copyright ShreeKanchanpath 2022 | All Rights Reserved | Made in India by Anurag Tiwari
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?