ShreeKanchanpathShreeKanchanpath
  • होम
  • छत्तीसगढ़
    • रायपुर
    • दुर्ग-भिलाई
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Reading: लोक कलाओं और आदिवासियों की समृद्ध संस्कृति को दें बढ़ावा : राज्यपाल सुश्री उइके
Share
Notification Show More
Latest News
shreekanchanpath 348 # 01 September 2026
October 1, 2026
डेटा लेबलिंग और एआई में बलरामपुर ने रचा इतिहास, प्रदेश का पहला कॉग्निटिव डेटा एनोटेशन सेंटर स्थापित
October 1, 2026
संबलपुर की चर्चिका बनीं ‘ग्लोबल आइकॉन ऑफ इंडिया’, रायपुर में लहराया परचम
October 1, 2026
गैर-आवासीय खेल अकादमी चयन ट्रायल… 144 खिलाड़ियों ने कराया पंजीयन
October 1, 2026
बेटिकट यात्रियों की धरपकड़ : हथबंद रेलवे स्टेशन पर सरप्राइज चेकिंग में एक लाख से ज्यादा का जुर्माना
October 1, 2026
Aa
ShreeKanchanpathShreeKanchanpath
Aa
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Search
  • होम
  • छत्तीसगढ़
    • रायपुर
    • दुर्ग-भिलाई
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Follow US
© Copyright ShreeKanchanpath 2022 | All Rights Reserved | Made in India by Anurag Tiwari
ChhattisgarhDurg-BhilaiFeatured

लोक कलाओं और आदिवासियों की समृद्ध संस्कृति को दें बढ़ावा : राज्यपाल सुश्री उइके

By @dmin Published April 21, 2022
Share
SHARE

रायपुर । राज्यपाल ने तीन दिवसीय रामन लोक कला महोत्सव का किया शुभारंभराज्यपाल सुश्री अनुसुईया उइके ने गत दिवस बिलासपुर के कोटा में स्थित डॉ सी.वी. रमन विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित तीन दिवसीय रामन लोककला महोत्सव का शुभारंभ किया। मुख्य अतिथि की आसन्दी से कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सुश्री उइके ने कहा कि आदिवासी कला एवं संस्कृति से छत्तीसगढ़ की विशिष्ट पहचान है। लोक कला महोत्सव के आयोजन से छत्तीसगढ़ की विविध लोक कलाओं और संस्कृतियों को मंच मिलता है।

इस अवसर पर राज्यपाल ने कहा कि डॉ सी वी रामन विश्वविद्यालय ऐसे आयोजनों के माध्यम से आदिवासी कला संस्कृति, साहित्य, परंपराओं को बड़ा मंच दे रहा है और ऐसे आयोजन से ही वह विश्व पटल पर अपना स्थान पहचान बना सकेंगे। उन्होंने कहा कि यह गर्व की बात है कि आज देश-विदेश में आदिवासी संस्कृति को स्वीकार किया जाता है। वैश्विक स्तर पर आदिवासी संस्कृति की एक अलग पहचान बन चुकी है। उन्होंने कहा विश्व स्तरीय आदिवासी महोत्सव जैसे आयोजनों से पूरी दुनिया में छत्तीसगढ़ संस्कृति की महक फैल गई है द्य छत्तीसगढ़ संस्कृति की महक हर किसी को आकर्षित करती है। छत्तीसगढ़ का संगीत मधुर और हृदय को छू लेने वाला है,जिससे हर व्यक्ति मंत्रमुग्ध हो जाता है। यहां के आदिवासी बहुत ही भोले-भाले हैं, छल कपट से हमेशा दूर रहते हैं। ऐसे समाज के उत्थान के लिए, उन्हें मंच प्रदान करने के लिए, उन्हें वैश्विक स्तर तक स्थापित करने के लिए डॉ. सी. वी. रामन विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित लोक कला महोत्सव एक सराहनीय पहल है। सुश्री उइके ने छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से आये लोक कलाकारों के नृत्य का भी आनंद लिया। तमनार से आए जनकराम और साथियों ने कर्मा नृत्य की शानदार प्रस्तुति दी। कार्यक्रम में कोंडागांव के कलाकारों ने ककसाड़ नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति दी।

तीन दिवसीय रामन लोक कला महोत्सव
कार्यक्रम में सुश्री उइके ने विज्ञान और नवाचार पर आधारित पुस्तक विज्ञान कथा कोष का भी विमोचन किया।सुश्री उइके ने कहा कि छत्तीसगढ़ में बस्तर एवं सरगुजा संभाग में भी केंद्रीय आदिवासी विश्वविद्यालय होना चाहिये ताकि छत्तीसगढ़ के आदिवासी समुदाय भी उच्च शिक्षा प्राप्त कर, विकास की मुख्यधारा से जुड़ सकें और राष्ट्रीय स्तर पर अपना योगदान दे सकें। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में खेल अकादमी के जरिए विभिन्न खेलों के साथ परम्परागत खेलों को भी बढ़ावा दिया जाना चाहिए।

You Might Also Like

डेटा लेबलिंग और एआई में बलरामपुर ने रचा इतिहास, प्रदेश का पहला कॉग्निटिव डेटा एनोटेशन सेंटर स्थापित

संबलपुर की चर्चिका बनीं ‘ग्लोबल आइकॉन ऑफ इंडिया’, रायपुर में लहराया परचम

गैर-आवासीय खेल अकादमी चयन ट्रायल… 144 खिलाड़ियों ने कराया पंजीयन

बेटिकट यात्रियों की धरपकड़ : हथबंद रेलवे स्टेशन पर सरप्राइज चेकिंग में एक लाख से ज्यादा का जुर्माना

युवाओं को रोजगार, नागरिकों को सुगम सेवाएं और आधुनिक कौशल से जोड़ना हमारी प्राथमिकता : मुख्यमंत्री साय

@dmin April 21, 2022
Share this Article
Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp Copy Link
Share
Previous Article कांग्रेस के पुनरुद्धार का खाका पेश: कांग्रेस को मरने नहीं दिया जा सकता, यह केवल राष्ट्र के साथ ही होगी समाप्त: प्रशांत किशोर कांग्रेस के पुनरुद्धार का खाका पेश: कांग्रेस को मरने नहीं दिया जा सकता, यह केवल राष्ट्र के साथ ही होगी समाप्त: प्रशांत किशोर
Next Article श्रीकंचनपथ 304 # 17 august 2021 श्रीकंचनपथ 183 # 21 April 2022

Ro.No.-13998/18

× Popup Image

[youtube-feed feed=1]


Advertisement

Advertisement


Logo

छत्तीसगढ़ प्रदेश का एक विश्वसनीय न्यूज पोर्टल है, जिसकी स्थापना देश एवं प्रदेश के प्रमुख विषयों और खबरों को सही तथ्यों के साथ आमजनों तक पहुंचाने के उद्देश्य से की गई है। इसके साथ ही हम महत्वपूर्ण खबरों को अपने पाठकों तक सबसे पहले पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

क्विक लिंक्स

  • होम
  • E-Paper
  • Crime
  • Durg-Bhilai
  • Education

Follow Us

हमारे बारे में

एडिटर : राजेश अग्रवाल
पता : शॉप नं.-12, आकाशगंगा, सुपेला, भिलाई, दुर्ग, छत्तीसगढ़ – 490023
मोबाइल : 9303289950
ई-मेल : shreekanchanpath2010@gmail.com

© Copyright ShreeKanchanpath 2022 | All Rights Reserved | Made in India by Anurag Tiwari

Removed from reading list

Undo
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?