दुर्ग। जय आनंद मधुकर रतन भवन बांधा तालाब दुर्ग में तप त्याग ध्यान धर्म अराधना में जैन समाज के सभी वर्ग के लोग बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। जहां छोटे बच्चे बड़ी तपस्या कर ध्यान में लीन है। नन्ही बालिका श्रेया के साथ-साथ कई बच्चे पहली बार बड़ी तपस्या कर रहे हैं। उनका हौसला बढ़ाने परिवार के साथ साथ समाज के लोग भी आगे आ रहे हैं।
छत्तीसगढ़ प्रवर्तक गुरुदेव रतन मुनि महाराज के मार्गदर्शन में युवाचार्य भगवंत महेंद्र ऋषि एवं साध्वी सन्मति के सानिध्य में धार्मिक एवं सामाजिक कार्यक्रमों का सुंदर संयोजन किया जा रहा है। उपवास, एकासना, आयंबिल तप की नियमित आराधना चल रही है।

तपस्या की ओर अग्रसर
यूवाचार्य भगवंत महेंद्र ऋषि महाराज के मंगल पाठ एवं रतन मुनि महाराज के आशीर्वाद से मासक्षमण की तपस्या गतिमान है। विवेक संचेती, विक्रम पारख, स्वीटी पारख एवं श्रमण संघ बालिका मंडल की अध्यक्ष श्रेया बाधमार छोटी उम्र में बड़ी तपस्या की ओर अग्रसर है। जबरदस्त आत्म विश्वास के साथ परिवार जनों के सहयोग एवं गुरु भगवंतो के आशीर्वाद से पहली बार सिर्फ गर्म पानी पीते हुए इस तपस्या को अंजाम तक ऊंचा रही है। इसके पूर्व श्रेया बाधमार ने आज तक कोई तपस्या कभी नहीं की है। इसी तरह विक्रम, स्वीटी, विवेक ने पहली बार इतनी बड़ी समस्या तपस्या को सहज रुप से संपन्नता की और अग्रसर है आज तपस्वी विवेक संचेती के सम्मान में श्रमण संघ महिला मंडल एवं पारिवारिक सदस्यों ने मिलकर अनुमोदना करते हुए भक्ति संगीत से आनंद संमवशरण में शानदार समा बांधा।




