लखनऊ (एजेंसी)। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री और यूपी चुनाव में कांग्रेस के वरिष्ठ पर्यवेक्षक भूपेश बघेल ने एक न्यूज चैनल से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि भाजपा डरी हुई है, इसीलिए गठबंधन कर रही है। बीजेपी खुद को कमजोर मान रही है। उनके पास 300 विधायक है। अगर कमजोर नहीं होती तो गठबंधन की जरूरत नहीं थी। वो पहले से खुद को हारा मान रही है और हारी बाजी जीतने की कोशिश कर रही है।

भूपेश बघेल ने कहा कि कांग्रेस ने पहले पीएम मोदी के संसदीय क्षेत्र में रैली की। फिर सीएम योगी के क्षेत्र में उससे बड़ी रैली की और अब महोबा रैली की। उन्होंने कहा कि धरातल पर कांग्रेस ने संगठन मजबूत किया है। उसी के दम पर दोनों रैलियां हुई हैं। वहीं कांग्रेस में वरिष्ठ नेताओं को तरजीह न दिए जाने से जुड़े सवाल पर उन्होंने कहा कि कांग्रेस में भाजपा की तरह आडवाणी जी, जोशी जी जैसे वरिष्ठों को किनारे करने की व्यवस्था नही है। कांग्रेस में सबको लेकर चलने की परंपरा है। उन्होंने कहा कि वरिष्ठजन पार्टी के लिए बहुत महत्वपूर्ण है और उनका लंबा अनुभव है। संगठन में उसका लाभ लगातार लेते रहे हैं और चुनाव में भी लेंगे।
बड़े कांग्रेसी चेहरों के पार्टी छोडऩे पर भूपेश बघेल ने कहा कि जिन राज्यों में चुनाव हुए उसे आप देखेंगे तो भाजपा दल-बदल कराती है। बंगाल में हार हुई तो यूपी में रणनीति बदल दी। दबावपूर्वक, लालच देकर, डराकर, धमकाकर जो दल-बदल कराते थे, उसमें कमी आई है। चुनाव के समय इस तरह की घटनाएं होती है। इस पूरे चुनाव में जिस तरह दूसरे प्रदेशों में दल-बदल कराते थे वो नज़ारा कम दिख रहा है। कांग्रेस के अन्य दलों से गठबंधन के सवाल पर उन्होंने कहा कि जो भी आएंगे उनका स्वागत करेंगे, हालांकि प्रियंका गांधी ने अकेले चुनाव लडऩे के लिए कहा है। भूपेश बघेल ने कहा कि उम्मीदवारों के नाम की घोषणा जल्द होगी और सीडब्लयूसी तय करेगी।
जेवर एयरपोर्ट और अन्य शिलान्यास तथा लोकार्पण पर भूपेश बघेल ने कहा कि एक तरफ देश मे एयरपोर्ट बेचे जा रहे हैं, दूसरी तरफ आधारशिला रखी जा रही है। उसमें भी फोटो चीन के एयरपोर्ट का इस्तेमाल किया है। भूपेश बघेल ने सवाल उठाया कि आखिर 5 साल तक क्या करते रहे? अब भी सिर्फ शिलान्यास ही किया है। काम पर वोट मांगेंगे या सपने दिखाकर? उन्होंने कहा कि किसान, व्यापारी, बेरोजगार, मजदूर सब भाजपा से नाराज है।



