ShreeKanchanpathShreeKanchanpath
  • होम
  • छत्तीसगढ़
    • रायपुर
    • दुर्ग-भिलाई
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Reading: गुस्ताखी माफ: अपराधियों की फोटो गैलरी
Share
Notification Show More
Latest News
उप मुख्यमंत्रीअरुण साव ने की खिलाड़ियों की हौसला अफजाई, मैच देखने पहुंचे हॉकी स्टेडियम
October 24, 2026
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने की बस्तर दशहरा की अनूठी परंपराओं और जनजातीय संस्कृति की सराहना 
October 23, 2026
50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता और एक लाख रुपये के मुद्रा ऋण से शुरू किया स्वरोजगार
बिहान और प्रधानमंत्री मुद्रा योजना से सविता रजक के सपनों को मिले पंख, बकरी पालन से हर महीने कमा रहीं 10 हजार रुपये
October 23, 2026
आदिवासी समाज की परंपरागत व्यवस्था सामाजिक एकता, न्याय और सुशासन का उत्कृष्ट उदाहरण- राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु
October 23, 2026
सांसद चिंतामणि महाराज ने किया 26 वीं राज्यस्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता का शुभारंभ
October 23, 2026
Aa
ShreeKanchanpathShreeKanchanpath
Aa
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Search
  • होम
  • छत्तीसगढ़
    • रायपुर
    • दुर्ग-भिलाई
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • स्पोर्ट्स
  • मनोरंजन
  • हेल्थ
  • E-Paper
Follow US
© Copyright ShreeKanchanpath 2022 | All Rights Reserved | Made in India by Anurag Tiwari
ChhattisgarhDurg-BhilaiFeatured

गुस्ताखी माफ: अपराधियों की फोटो गैलरी

By @dmin Published July 30, 2022
Share
गुस्ताखी माफ: भाजपा के गढ़े हुए मुद्दे, आयातित नेतृत्व
गुस्ताखी माफ: भाजपा के गढ़े हुए मुद्दे, आयातित नेतृत्व
SHARE

-दीपक रंजन दास
देश में आजादी का अमृत महोत्सव चल रहा है। स्कूल-कालेजों में अमर शहीदों और स्वतंत्रता सेनानियों पर कार्यक्रम हो रहे हैं। सरकारी कालेजों-दफ्तरों में देश के सपूतों की तस्वीरें लगी होती हैं। सरकारी स्कूलों की तो दीवारों पर भी पेंट की सहायता से स्वाधीनता सेनानियों और महापुरुषों के चित्र उकेरे जाते हैं। पर यहां जो हुआ वह इन सबसे अलग है। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के गंज थाने में एक फोटो गैलरी का उद्घाटन किया गया। आम तौर पर फोटो गैलरी में कलात्मक चित्र या प्रेरक तस्वीरें लगाई जाती हैं पर इस गैलरी इससे अलग है। यहां आदतन अपराधियों की फोटो लगी है। डकैती, लूट और चोरी के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले इन शूरवीरों की डेढ़ सौ से ज्यादा तस्वीरें इस गैलरी में प्रदर्शित की गई है। अब अपराधी शान से कह सकेंगे कि उनकी तस्वीरें पुलिस की फोटो गैलरी में लगी हुई है। पुलिस का कहना है कि इससे छत्तीसगढ़ सहित दीगर राज्यों की पुलिस को इन अपराधियों की पहचान करने में सहूलियत होगी। 150 लोगों की कुण्डली का डिजिटल रिकार्ड रखना शायद बहुत मुश्किल था। बताते हैं कि देशभर की पुलिस एक नेटवर्क से जुड़ी हुई है। काफी समय से इसपर काम चल रहा है। देश-दुनिया के किसी भी कोने में बैठा आदमी इसके वेबसाइट को एक्सेस कर अपराधियों की पूरी जानकारी हासिल कर सकता है। क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क सिस्टम (सीसीटीएनएस) चूंकि डिजिटल प्लेटफार्म है इसलिए यहां लाखों अपराधियों की पूरी कुण्डली रखी जा सकती है। चुटकियों में उसे सर्च किया जा सकता है। उसकी कॉपी सेव की जा सकती है। प्रिंटआउट लिया जा सकता है। तो फिर इस फोटो गैलरी की जरूरत क्यों पड़ी? अब तक रेल्वे स्टेशनों और बस अड्डों में पाकेटमारों, जहरखुरानों और ठगों की तस्वीरें चिपकाई जाती रही हैं। थाने में आदतन अपराधियों और गुमशुदा लोगों की फोटो नोटिस बोर्ड पर चस्पा करने का रिवाज है। अब तो लोगों ने इनपर ध्यान देना भी बंद कर दिया है। इसलिए इस क्षेत्र में भी नवोन्मेष की जरूरत थी। नई गैलरी बनने के बाद कम से कम एक बार तो लोग उसे गौर से देखेंगे और पढ़ेंगे। कुछ लोगों की तस्वीर देखकर तो शायद मोहल्ले वाले भी दांतों तले उंगलियां दबा लें। भिलाई-3 पुलिस ने भी इसी तरह का एक नवोन्मेष किया था। उसने उन वारंटियों का फ्लेक्स थाने के सामने प्रदर्शित कर दिया था जो समन की खिल्ली उड़ाते थे। इसका व्यापक असर हुआ था। रसूखदारों की सार्वजनिक बेइज्जती हो रही थी। अब एक काम और करे पुलिस – फ्रॉड जमीन दलालों और पोंजी स्कीम के ठगों की तस्वीरों के भी कोलाज बनवा ले और इन्हें चौक चौराहे पर लगवा दे। इन्हें पहचानना डकैतों को पहचानने से ज्यादा जरूरी है। लोग ठगे नहीं जाएंगे तो माथा भी नहीं सटकेगा और कुछ अपराध कम हो जाएंगे।

You Might Also Like

उप मुख्यमंत्रीअरुण साव ने की खिलाड़ियों की हौसला अफजाई, मैच देखने पहुंचे हॉकी स्टेडियम

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने की बस्तर दशहरा की अनूठी परंपराओं और जनजातीय संस्कृति की सराहना 

बिहान और प्रधानमंत्री मुद्रा योजना से सविता रजक के सपनों को मिले पंख, बकरी पालन से हर महीने कमा रहीं 10 हजार रुपये

आदिवासी समाज की परंपरागत व्यवस्था सामाजिक एकता, न्याय और सुशासन का उत्कृष्ट उदाहरण- राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु

सांसद चिंतामणि महाराज ने किया 26 वीं राज्यस्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता का शुभारंभ

@dmin July 30, 2022
Share this Article
Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp Copy Link
Share
Previous Article प्रदेशवासियों का स्नेह व सम्मान पाकर अभिभूत आपका स्नेह ही मेरी ऊर्जा: सुश्री उइके
Next Article आदिवासी सांस्कृतिक धरोहर को सहेजने का कार्य कर रही छत्तीसगढ़ सरकार: भूपेश बघेल राजधानी रायपुर में आबंटित भूमि के विकास के लिए 50 लाख रूपए की घोषणा

Ro.No.-14097/18

× Popup Image

Ro. No.-14093/1

[youtube-feed feed=1]


Advertisement

Advertisement


Logo

छत्तीसगढ़ प्रदेश का एक विश्वसनीय न्यूज पोर्टल है, जिसकी स्थापना देश एवं प्रदेश के प्रमुख विषयों और खबरों को सही तथ्यों के साथ आमजनों तक पहुंचाने के उद्देश्य से की गई है। इसके साथ ही हम महत्वपूर्ण खबरों को अपने पाठकों तक सबसे पहले पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

क्विक लिंक्स

  • होम
  • E-Paper
  • Crime
  • Durg-Bhilai
  • Education

Follow Us

हमारे बारे में

एडिटर : राजेश अग्रवाल
पता : शॉप नं.-12, आकाशगंगा, सुपेला, भिलाई, दुर्ग, छत्तीसगढ़ – 490023
मोबाइल : 9303289950
ई-मेल : shreekanchanpath2010@gmail.com

© Copyright ShreeKanchanpath 2022 | All Rights Reserved | Made in India by Anurag Tiwari

Removed from reading list

Undo
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?